Patna Student Arrest: 'मेरी गलती बस इतनी थी कि मेरे अंदर का देशभक्त जाग चुका था. इसलिए जेल भेजा जा रहा है.' इस दौरान एक अन्य छात्र ने कहा, सर प्लीज बचा लीजिये. बहुत देर से भूखे हैं. बहुत मारा है. यह जवाब उन छात्रों ने दिया जिन्हें आधी रात बेऊर जेल भेजा गया. पिछले दिनों 22 और 25 जुलाई को पटना में छात्रों ने जमकर प्रदर्शन किया था.
पटना में आधी रात पुलिस की कार्रवाई
इस मामले में अब पटना पुलिस एक्शन मोड में आ गई है. इसके साथ रविवार की आधी रात ही 258 छात्रों को बेऊर जेल भेजा गया. जानकारी के मुताबिक, इस मामले में 24 प्राथमिकी दर्ज की गई है, जिनमें 285 नामजद और करीब 6 हजार अज्ञात आरोपित हैं. रविवार की देर छज्जू बाग स्थित जजेज आवास छात्रों को लाया गया था.
इन धाराओं के तहत छात्रों को भेजा जेल
अंदर में सुनवाई चल रही थी और बाहर बड़ी संख्या में छात्रों के परिजन इंतजार कर रहे थे. बताया जा रहा है कि सभी छात्रों के खिलाफ बीएनएस की धारा 109 और 121 के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है. धारा 109 हत्या का प्रयास से संबंधित है, जबकि धारा 121 किसी लोक सेवक (सरकारी कर्मचारी या पुलिस) को उसके कर्तव्य का पालन करने से रोकने या डराने के लिए स्वेच्छा से चोट पहुंचाने या गंभीर चोट पहुंचाने से संबंधित है.
छात्रों ने और क्या कहा?
आधी रात को ही बेऊर जेल छात्रों को भेजा गया. कई छात्र फूट-फूटकर रो पड़े. एक छात्र ने यह बताया कि वह गांधी मैदान सिर्फ किताब खरीदने गया था. लेकिन इस दौरान ही पुलिस ने उसे उठा लिया. इसके अलावा एक अन्य छात्र के पिता ने बताया कि उसका बेटा एयरपोर्ट से आ रहा था. लेकिन इसी दौरान रास्ते से उसे पकड़ लिया गया.
इस तरह हो रही छात्रों की पहचान
छात्रों पर हो रही कार्रवाई को लेकर पुलिस का कहना है कि छात्रों की पहचान सीसीटीवी फुटे़ज, वीडियोज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जो सबूत मौजूद हैं, उसके आधार पर किया जा रहा है. इससे पहले भी 22 जुलाई को जब पटना में प्रदर्शन किए गए थे, तब 117 संदिग्धों के फोटो जारी किए गए थे.
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