Patna News: पटना के बाढ़ स्थित उमानाथ गंगा घाट पर नाव हादसे के बाद शुक्रवार को पांचवीं लाश बरामद की गई. हादसे के बाद प्रशासन भी हरकत में आ गया है और गंगा नदी में छोटे नावों के परिचालन पर रोक लगा दी गई है. जानकारी के अनुसार उमानाथ गंगा घाट से मोहद्दीनगर दियारा सब्जी की खेती के लिए जा रही एक छोटी नाव हादसे का शिकार हो गई थी. नाव पलटने से कुल सात लोग गंगा नदी में डूब गए थे. हादसे के दिन चार मृतकों के शव बरामद कर लिए गए थे.
नाव हादसे में पांचवी लाश बरामद
शुक्रवार की सुबह परिजनों ने अपनी नाव से अहले सुबह से ही खोजबीन शुरू की. इस दौरान समस्तीपुर जिला के रजौली मेला घाट के पास एक शव दिखाई दिया. परिजनों ने शव की पहचान पूनम देवी, पति राहुल कुमार के रूप में की और नाव से लेकर उमानाथ घाट पहुंचे. इसके बाद प्रशासन ने शव को अपने कब्जे में लेकर एंबुलेंस के जरिए बाढ़ अनुमंडल अस्पताल पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया.
वहीं दो अन्य लापता लोगों की तलाश में परिजन, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीम गंगा नदी में लगातार सर्च अभियान चला रही है. हालांकि खराब मौसम के कारण राहत और बचाव कार्य में परेशानी आ रही है.
प्रशासन ने छोटे नाव पर लगाया प्रतिबंध
इधर हादसे के बाद अनुमंडल प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है. शुक्रवार को सीडीपीओ रामकृष्ण उमानाथ घाट पहुंचे और छोटे नाव चलाने वालों को सख्त हिदायत दी. उन्होंने कहा कि अब छोटी नाव गंगा नदी में नहीं चलेगी. खेती कार्य के लिए बड़े नाव का इस्तेमाल करना होगा. साथ ही नाव के परिचालन से पहले रजिस्ट्रेशन करवाना अनिवार्य होगा और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना जरूरी रहेगा.
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