कैंपस : नीट यूजी घोटाले की सही से जांच हो : एआइडीएसओ

नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने ग्रेस मार्क्स दिये जाने वाले 1563 छात्रों की पुनः परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया.

संवाददाता, पटना नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने ग्रेस मार्क्स दिये जाने वाले 1563 छात्रों की पुनः परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया. इस मुद्दे पर एआइडीएसओ के महासचिव कॉमरेड सौरव घोष ने कहा है कि नीट यूजी की जांच होनी चाहिए. पटना और अन्य स्थानों से प्रश्न पत्र लीक होने के आरोप हैं. न तो सरकार और न ही नीट ने इन मामलों में कोई गंभीर जांच शुरू की है. बल्कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने क्लीन चिट दी है कि कोई भ्रष्टाचार नहीं हुआ है. हम उनके बयान की कड़ी निंदा करते हैं. कई याचिकाएं सर्वोच्च न्यायालय में दायर करने के बाद ही एनटीए और केंद्र सरकार को एक समिति गठित करने के लिए मजबूर होना पड़ा, जिसके बाद इस निर्णय को जारी किया गया है. भ्रष्टाचार की जड़ें और गहरी हैं. इस मामले में 1563 छात्रों की पुनः परीक्षा कोई समाधान नहीं है. इसलिए, हम सभी आरोपों की समय पर जांच की मांग करते हैं.

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By Prabhat Khabar News Desk

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