India Nepal border security : बिहार में नई सरकार बनने से पहले भारत-नेपाल की अंतरराष्ट्रीय सीमा पर एक्शन शुरू होता नजर आ रहा है. मोतिहारी में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में दोनों देशों के अधिकारियों ने सीमा सर्वेक्षण और सीमा स्तंभों के रखरखाव को लेकर संयुक्त रणनीति तैयार की गई है. मोतिहारी में आयोजित पहली फील्ड सर्वे टीम की बैठक में दोनों देशों के अधिकारियों ने भाग लिया. सीमा से जुड़े विभिन्न तकनीकी और प्रशासनिक पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की. यह बैठक सर्वे ऑफ इंडिया की ओर से आयोजित था. India Nepal joint प्रबंधन को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर विशेष जोर दिया गया.
सात सीमावर्ती जिलों पर विशेष फोकस
बैठक में बिहार के सात सीमावर्ती जिले किशनगंज, अररिया, सुपौल, मधुबनी, सीतामढ़ी, पूर्वी चंपारण और पश्चिमी चंपारण से जुड़ी नीतिगत समस्याओं और मुद्दों पर बातचीत की. इन जिलों में सीमा स्तंभों की स्थिति, उनकी पहचान और रखरखाव से जुड़े मुद्दे लंबे समय से प्राथमिकता में रहे हैं, लेकिन इन पर ठीक तरीके से काम नहीं हो पा रहा था. अब इन्हें तेजी से सुलझाने की दिशा में कदम बढ़ाया गया है.
सीमा स्तंभों के रखरखाव और दोबारा बनाने पर सहमति
बैठक में मौजूद अधिकारियों ने boundary pillars, रखरखाव, क्षतिग्रस्त या लापता स्तंभों को दोबारा लगाने और उनकी नियमित निगरानी को लेकर द्वीपक्षीय योजना तैयार की है. INDO-NEPAL Border पर कुल 5,312 सीमा स्तंभ लगे हैं. इनकी देखरेख और पुनर्निर्माण के लिए दोनों देशों के बीच समन्वित प्रयासों को तेज करने पर सहमति बन गई है.
दोनों देशों के अधिकारियों की मौजूदगी ने बढ़ाया महत्व
इस महत्वपूर्ण बैठक में पूर्वी चंपारण के डीएम सौरभ जोरवाल, सशस्त्र सीमा बल (SSB), सर्वे ऑफ इंडिया, वन विभाग के अधिकारी सहित नेपाल के सीमावर्ती जिलों के डीएम और सर्वे अधिकारी भी शामिल हुए. दोनों देशों के अधिकारियों की संयुक्त भागीदारी ने इस पहल को और अधिक प्रभावी और परिणाममुखी बनाने की दिशा में सकारात्मक संकेत दिए हैं.
समन्वय मजबूत होने से सीमा प्रबंधन होगा बेहतर
उपमुख्यमंत्री सह राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के मंत्री Vijay Kumar Sinha ने कहा कि भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा से जुड़े सर्वेक्षण और सीमा स्तंभों के रखरखाव को लेकर यह पहली बैठक है. उन्होंने भरोसा दिखाया कि इस पहल से भारत और नेपाल के बीच आपसी समन्वय और अधिक मजबूत होंगे, जिससे सीमा प्रबंधन और निगरानी व्यवस्था में सुधार होगा.
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