मनेर में 12 दिनों से पसरी थी मायूसी, बच्चे िमलते ही खुशी से झूम उठे लोग

अंश और अंशिका के मिलने के बाद मनेर के हल्दी छपरा, बदल टोला पैतृक गांव स्थित परिवार वालों में खुशी की लहर दौड़ गयी.

मनेर.

झारखंड के रांची स्थित धुर्वा से 13 दिनों पूर्व अपने घर के समीप बाजार से अचानक लापता हुए अंश और अंशिका के मिलने के बाद मनेर के हल्दी छपरा, बदल टोला पैतृक गांव स्थित परिवार वालों में खुशी की लहर दौड़ गयी. दोनों बच्चों के पैतृक गांव हल्दी छपरा पहुंची प्रभात खबर की टीम से बातचीत के दौरान बच्चों के चाचा उपेंद्र कुमार और रिश्ते के दादा धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि दोनों बच्चों के गायब होने के बाद घर में खाना बनना तक बंद हो गया था. घर के पूरे सदस्य दोनों बच्चों के सकुशल आने के इंतजार में थे. दोनों बच्चे झारखंड स्थित रजरप्पा मंदिर के आसपास में मिले हैं. बच्चों के खोजबीन में झारखंड प्रशासन का एक बड़ा योगदान है. दोनों बच्चों की बड़ी मां चांदनी देवी ने बताया कि घरों में चूल्हा तक जलना बंद हो गया था. कुछ को छोड़कर घर के सभी सदस्य रांची चले गये हैं. दोनों बच्चों के मिलने के बाद आज मकर संक्रांति खुशियों के साथ मनायी जा रही है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: KUMAR PRABHAT

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >