पटना में कचरे के ढेर से बढ़ा बीमारी का खतरा, अस्पतालों की ओपीडी में 10% बढ़े मरीज

पटना नगर निगम की हड़ताल के कारण शहर में जगह-जगह कचरे के ढेर लग गए हैं, जिससे संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ गया है. अस्पतालों की ओपीडी में मरीजों की संख्या में 10% की वृद्धि देखी गई है.

Patna sanitation crisis: पटना नगर निगम कर्मियों की हड़ताल का असर अब लोगों की सेहत पर भी दिखने लगा है. शहर में जगह-जगह जमा कचरे और गंदगी के कारण संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ गया है. अस्पतालों की ओपीडी में बीते दो दिनों के दौरान मरीजों की संख्या में करीब 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है.

शहर में पांच हजार से अधिक कचरा प्वाइंट

नगर निगम कर्मियों की हड़ताल के कारण राजधानी में पांच हजार से अधिक कचरा प्वाइंट बन गए हैं. इनमें से 1,500 से अधिक कचरा प्वाइंट तक नगर निगम की टीम नहीं पहुंच पा रही है. कचरा नहीं उठने से संक्रमण फैलने की आशंका लगातार बढ़ रही है.

सांस, स्किन और इंफेक्शन के मरीज बढ़े

गंदगी के कारण सांस संबंधी बीमारी, स्किन डिजीज, सिरदर्द, इंफेक्शन और घबराहट जैसी समस्याओं के मरीज अस्पतालों में पहुंच रहे हैं. सरकारी और निजी अस्पतालों के चिकित्सकों के अनुसार बीते दो दिनों में ऐसे मरीजों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है.

अस्पतालों की ओपीडी में बढ़ी मरीजों की संख्या

पीएमसीएच में पहले जहां प्रतिदिन 1,800 से 2,000 मरीज ओपीडी में आते थे, वहीं अब यह संख्या बढ़कर 2,200 से 2,350 तक पहुंच गई है. इसी तरह न्यू गार्डिनर रोड अस्पताल में मरीजों की संख्या 750 से बढ़कर 850 से 900 प्रतिदिन हो गई है. वहीं आईजीआईएमएस की ओपीडी में पहले औसतन 3,200 मरीज पहुंचते थे, जो अब बढ़कर करीब 3,500 हो गए हैं. अस्पताल प्रशासन का कहना है कि ओपीडी में आए अतिरिक्त मरीजों में बड़ी संख्या संक्रामक बीमारियों से पीड़ित लोगों की है.

पीएमसीएच अधीक्षक ने लोगों को किया सतर्क

पीएमसीएच के अधीक्षक डॉ. राजीव कुमार सिंह ने कहा कि इन दिनों ओपीडी में संक्रामक बीमारियों के मरीजों की संख्या बढ़ी है. बीते दो दिनों से यह स्थिति अधिक देखने को मिल रही है.

उन्होंने कहा कि शहर में फैली गंदगी भी इसके प्रमुख कारणों में शामिल हो सकती है. खासकर सांस संबंधी बीमारी वाले मरीजों को अधिक सतर्क रहने की जरूरत है. जूते-चप्पलों और वाहनों के माध्यम से भी संक्रमण घर तक पहुंच सकता है. नगर निगम कर्मियों की हड़ताल का स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है.

मुख्य बिंदु:

  • नगर निगम हड़ताल से शहर में पांच हजार से अधिक कचरा प्वाइंट.
  • 1,500 से अधिक स्थानों से अब तक नहीं उठा कचरा.
  • पीएमसीएच, आईजीआईएमएस और न्यू गार्डिनर रोड अस्पताल की ओपीडी में करीब 10% मरीज बढ़े.
  • सांस, स्किन, इंफेक्शन और सिरदर्द के मामलों में बढ़ोतरी.
  • चिकित्सकों ने लोगों को संक्रमण से बचाव के लिए सतर्क रहने की सलाह दी.

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By Anand tiwary

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