पटना:
भारत का विकास तभी पूर्ण होगा, जब बिहार और पूर्वोत्तर भारत आगे बढ़ेंगे, यह बात केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शनिवार को में बिहार इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (बीआइए) के प्रांगण में आयोजित उद्यमी संवाद कार्यक्रम में कही. उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत का संतुलित विकास सुनिश्चित करना है, क्योंकि यही क्षेत्र भारत को आत्मनिर्भर और औद्योगिक रूप से सशक्त बना सकता है. गोयल ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर बिहार को औद्योगिक दृष्टि से नयी ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए प्रतिबद्ध हैं. उन्होंने स्पष्ट कहा कि पहले की सरकारें बिहार को पिछड़ा रखना एक राजनीतिक समझदारी मानती थीं, लेकिन आज की सरकार विकास को ही अपनी राजनीति मानती है. केंद्रीय मंत्री ने उद्यमियों से आह्वान किया कि वे आगामी विधानसभा चुनाव में एक स्थिर और प्रगतिशील सोच वाली सरकार के पक्ष में मतदान करें, क्योंकि डबल इंजन की सरकार ही बिहार को नई औद्योगिक पहचान दे सकती है. इसके पूर्व बीआइए के अध्यक्ष राम लाल खेतान ने केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने स्वागत करते हुए एसोसिएशन के बारे और राज्य सरकार के नीति में सहयोग के बारे में विस्तार से जानकारी दी. कार्यक्रम के दौरान पूर्व उपाध्यक्ष संजय गोयनका ने राज्य के औद्योगिक परिदृश्य, निवेश की संभावनाओं और उद्योग जगत की समस्याओं पर आधारित एक विस्तृत ज्ञापन मंत्री को सौंपा.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
