पटना समेत 14 जिलों में बारिश व बाढ़ से फसलें हुईं बर्बाद

अगस्त माह में भारी बारिश और नदियों का जल स्तर बढ़ने से राज्य के 14 जिलों में फसलों की क्षति हुई है.

संवाददाता, पटना

अगस्त माह में भारी बारिश और नदियों का जल स्तर बढ़ने से राज्य के 14 जिलों में फसलों की क्षति हुई है. इनमें नालंदा, भागलपुर, खगड़िया, कटिहार, बेगूसराय, लखीसराय, पटना, भोजपुर, वैशाली, मुंगेर, सारण, समस्तीपुर, मधेपुरा और शेखपुरा जिले शामिल हैं. इन जिलों के किसानों को फसलों की क्षति के एवज में सरकार मुआवजा देगी. इनपुट अनुदान योजना 2025 के तहत सरकार किसानों को सहायता राशि देगी. कृषि विभाग के निदेशक ने इन सभी 14 जिलों के डीएम और जिला कृषि पदाधिकारी को पत्र भेजा है. वर्षा पर आश्रित असिंचित फसल क्षेत्र के लिए 85 सौ रुपये प्रति हेक्टेयर किसानों को मुआवजा मिलेगा, जबकि सिंचित फसल क्षेत्र के लिए 17 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर किसानों को मिलेंगे. बहुवर्षीय फसल के लिए 22 हजार पांच सौ रुपये सरकार देगी. अधिकतम दो हेक्टेयर में फसल क्षति के लिए सरकार मदद करेगी. किसानों को इस योजना के तहत असिंचित फसल क्षेत्र के लिए न्यूनतम एक हजार, सिंचित क्षेत्र के लिए दो हजार तथा बहुवर्षीय फसल के लिए दो हजार पांच सौ रुपये न्यूनतम मिलेंगे. परिवार के किसी एक सदस्य को ही इस योजना का लाभ मिलेगा. इसके लिए कृषि विभाग ने परिवार को परिभाषित किया है. पति-पत्नी और उनके अवयस्क पुत्र-पुत्री को एक परिवार माना है. परिवार के विभाजन पर अलग-अलग आवेदन देने होंगे. इसमें भी शर्त है कि अलग-अलग भूमि के लिए आवेदन करना होगा. कृषि विभाग के पोर्टल पर पहले से पंजीकृत किसान सीधे आवेदन कर सकेंगे. डीबीटी के माध्यम से किसानों को बैंक खाते में राशि भेजी जायेगी. बैंक खाता आधार नंबर से लिंक होना चाहिए. आधार नंबर से बैंक खाता लिंक नहीं होने पर किसानों को इस योजना का लाभ नहीं मिल पायेगा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Rakesh ranjan

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.
और पढ़ें
Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >