संवाददाता, पटना जल संसाधन विभाग के प्रधान सचिव संतोष कुमार मल्ल ने तय समय में विभागीय परियोजनाओं को पूरा करने का निर्देश संबंधित कार्यपालक अभियंताओं और ठेकेदारों को दिया है. इसका मकसद बाढ़ से पहले जनहित में संरचनात्मक सुरक्षा सुनिश्चित करना है. प्रधान सचिव शुक्रवार को मुख्य अभियंता, बाढ़ नियंत्रण एवं जल निस्सरण, मुजफ्फरपुर परिक्षेत्र की 50 करोड़ रुपये से अधिक की सात योजनाओं की समीक्षा कर रहे थे. यह बैठक जल संसाधन विभाग स्थित सभा कक्ष में संपन्न हुई. बैठक में प्रधान सचिव ने सिकहरना नदी पर दायें तटबंध का करीब 56.23 किमी लंबाई में निर्माण कार्य की जानकारी ली. साथ ही पश्चिम चंपारण जिला में मसान नदी के बाएं और दाएं तटबंधों सहित इससे जुड़े कार्यों की विस्तारपूर्वक समीक्षा की. योजनाओं के अंतर्गत तटबंधों के ऊंचीकरण और सुदृढ़ीकरण कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया. उन्होंने काम में लापरवाही बरतने वाले अभियंताओं और ठेकेदारों से स्पष्टीकरण करने के भी निर्देश दिए. बागमती बाढ़ प्रबंधन योजना (फेज-विस्तार) के अंतर्गत दाएं तटबंध (किमी 79.00 से किमी 91.41), बाएं तटबंध (किमी 88.72) और कांटा पिरौछा रिंग बांध (2.80 किमी) का निर्माण धीमी गति से चल रहा. प्रधान सचिव ने ठेकेदारों से स्पष्टीकरण लेने के साथ निर्देश दिया और कहा कि सुधार नहीं होने पर ठीका रद्द कर दूसरे ठेकेदारों को कार्य आवंटित किया जाए.
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