IIT Bihta में खुला बिहार का पहला Zen Z पोस्ट ऑफिस, अब इस जिले की बारी, क्या-क्या सुविधा होगी जानें

Zen Z post Office: भारतीय डाक विभाग ने युवाओं की डिजिटल जीवनशैली को ध्यान में रखते हुए बड़ा कदम उठाया है. आइआइटी बिहटा में बिहार का पहला जेन जी पोस्ट ऑफिस शुरू किया गया. आने वाले दिनों में यह बिहार के भागलपुर में भी खुलेगा.

Zen Z Post Office, सुबोध कुमार नंदन: भारतीय डाक विभाग ने डाक सेवाओं को युवाओं की जरूरतों और उनकी डिजिटल आदतों के अनुरूप ढालने की दिशा में बड़ा कदम बढ़ाया है. इसी पहल के तहत आइआइटी बिहटा में गुरुवार को बिहार का पहला जेन जी पोस्ट ऑफिस शुरू किया गया. यह आधुनिक पोस्ट ऑफिस आइआइटी परिसर के लगभग 2400 छात्रों और स्टाफ के लिए सिर्फ एक सुविधा केंद्र नहीं, बल्कि एक ऐसा स्थान है, जहां डाक सेवाओं का भविष्य आकार ले रहा है. रोशनी, डिजाइन, डिजिटल स्क्रीन, स्मार्ट काउंटर और तेज सेवा जेन जी मॉडल हर मोर्चे पर पारंपरिक डाकघर से अलग और आकर्षक है.

पोस्टल सिस्टम को मिलेगी नयी दिशा

जेन जी पोस्ट ऑफिस प्रोजेक्ट की सबसे बड़ी खासियत है छात्रों की भागीदारी. आइआइटी बिहटा के छात्रों को इस पहल में ब्रांड एंबेसडर, डिजाइन को-प्रोड्यूसर और सोशल मीडिया पार्टनर बनाया गया है. यानी पोस्ट ऑफिस अब सिर्फ सेवा केंद्र नहीं, बल्कि छात्रों की कल्पनाओं और तकनीकी सुझावों से तैयार एक आधुनिक क्रिएटिव स्पेस है.

संचार मंत्रालय के अधिकारियों का कहना है कि यह पहल न सिर्फ डाक विभाग की सोच को आधुनिक बनाती है, बल्कि छात्रों को भी राष्ट्रीय सेवा ढांचे से जोड़ती है. मंत्रालय का दावा है कि युवा मन और सरकारी तंत्र की ऐसी साझेदारी पोस्टल सिस्टम को नयी दिशा देने वाली है.

देशभर के 46 परिसरों में बदलेगी तस्वीर

डाक विभाग ने बताया कि 15 दिसंबर तक देश के 46 शैक्षणिक परिसरों में मौजूद पोस्ट ऑफिसों को इसी जेन जी मॉडल में बदला जायेगा. लक्ष्य यह है कि विश्वविद्यालयों में पढ़ने वाली नई पीढ़ी जो हर काम स्मार्टफोन से करती है उसे पोस्टल सेवाएं उसी गति, सुविधा और डिजाइन के साथ उपलब्ध हों जिनकी वह आदी हैं.

अब बारी भागलपुर की

बिहार में आइआइटी बिहटा के बाद दूसरा जेन जी पोस्ट ऑफिस भागलपुर के तिलका मांझी विश्वविद्यालय परिसर में 15 दिसंबर को खुलने जा रहा है. विभाग को उम्मीद है कि यह मॉडल छात्रों को न सिर्फ पोस्टल सेवाओं के करीब लायेगा, बल्कि युवा ऊर्जा और नये विचारों से डाक तंत्र को नई ऊंचाइयां भी मिलेंगी.

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अपग्रेड किया गया

इस पहल के जरिए डाकघर को पूरी तरह से अपग्रेड किया गया है. जिससे युवा आकर्षित हों. जेन-जी डाकघरों में वाई-फाई सुविधा, कॉफी शाॅप जैसी व्यवस्था और आधुनिक इंटीरियर शामिल किया गया है. डाकघर अगर छात्रों के पास पहुंचेगा तो वे इसकी सेवाओं को बेहतर समझ सकेंगे.

जेन-जी को इंटर्नशिप के अवसर भी दिए जायेंगे और डाकघर की विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी जायेगी. जेन-जी डाकघर शुरू करने का उद्देश्य डाकघर और उसकी सेवाओं को युवाओं के लिए सहज और आकर्षक बनाना है.

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लेखक के बारे में

Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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