Bihar Bhumi: बिहार में जमीन का म्यूटेशन अटकाने में विजय सिन्हा का गृह जिला शामिल, ये 10 जिले हैं आगे

Bihar Bhumi: बिहार में जमीन मालिकों की बड़ी समस्याओं में से एक म्यूटेशन की समस्या है. बिहार के ऐसे 10 जिलों के नाम सामने आए हैं, जो कि म्यूटेशन रोकने में आगे हैं. गौर करने वाली बात यह भी है कि इन जिलों में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा का गृह जिला भी शामिल है.

Bihar Bhumi: बिहार में जमीन से जुड़े मामलों को निपटाने को लेकर उपमुख्यमंत्री और राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा काफी एक्टिव हैं. ऐसे में जमीनों के म्यूटेशन को लेकर बड़ी खबर है. जमीन मालिकों को कई बार जमीन के म्यूटेशन से जुड़ी परेशानियां झेलनी पड़ती है. ऐसे में 10 उन जिलों के नाम सामने आए हैं, जो कि जमीन के म्यूटेशन अटकाने में आगे हैं. चौंकाने वाली बात यह है कि इन जिलों की लिस्ट में डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा का गृह जिला भी शामिल है.

इन 10 जिलों के नाम हैं शामिल

जानकारी के मुताबिक, जिन 10 जिलों में म्यूटेशन का काम अटका है, उनमें पटना, भोजपुर, मधेपुरा, अररिया, लखीसराय, रोहतास, भागलपुर, वैशाली, सहरसा और मुंगेर शामिल है. बताया जा रहा है कि यह खुलासा राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की जांच में हुआ है. लखीसराय उपमुख्यमंत्री और राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री विजय कुमार सिन्हा का गृह जिला है.

इन 5 जिलों में हो रहा तेजी से निपटारा

दरअसल, विभाग की तरफ से अधिकारियों को कई तरह के आदेश देने और हरकाने के बाद इस समस्या में कमी आई है. लेकिन ये ऐसे 10 जिले हैं जहां म्यूटेशन के मामले अब भी ज्यादा अटके हुए हैं. इस वजह से जमीन मालिकों को ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ रही है. इसके अलावा जिन जिलों में म्यूटेशन को लेकर निपटारा सही तरीके से हो रहा, उनमें मधुबनी, औरंगाबाद, शेखपुरा, गोपालगंज और नालंदा शामिल है. यह भी बताया गया कि पिछले साल के मुकाबले इस साल ऐसे मामलों में कमी आई है.

जमीन मालिकों के लिये क्यों जरूरी है म्यूटेशन?

जमीन मालिकों के लिये म्यूटेशन क्यों जरूरी है, इसे लेकर बताया गया कि राजस्व विभाग के लिए म्यूटेशन स्वामित्व जानने का आधिकारिक प्रमाण होता है. भविष्य में अगर किसी भी तरह की विवाद की स्थिति होती है तो उस वक्त मालिकाना हक साबित करने में यह बेहद जरूरी होता है. जमीन का म्यूटेशन करवाने के लिये आवेदन अंचल कार्यालय में जाकर देना होता है. इसके बाद सभी डॉक्यूमेंट्स की जांच अधिकारी की तरफ से की जाती है. सब कुछ सही पाये जाने पर जमीन का म्यूटेशन कर दिया जाता है.

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By Preeti dayal

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