दानापुर (पटना) से संजय कुमार की रिपोर्ट
Bihar Bank Exam Fraud Gang : पटना के रूपसपुर थाना पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त कार्रवाई में बैंकिंग परीक्षाओं में सेटिंग कराने और नौकरी दिलाने के नाम पर युवाओं से ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है. छापेमारी के दौरान पुलिस ने गिरोह के पांच शातिर सदस्यों को गिरफ्तार किया है. उनके पास से 22 ब्लैंक चेक, मार्कशीट, एडमिट कार्ड समेत कई आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद किए गए हैं.
Patna News : गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई
नगर पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) के निर्देशन में रूपसपुर पुलिस और एसटीएफ ने विजय नगर स्थित मनोकामना मंदिर के पास एक अपार्टमेंट में छापेमारी की. पुलिस को सूचना मिली थी कि यहां से बैंकिंग परीक्षाओं में अवैध तरीके से सहायता पहुंचाने और नौकरी दिलाने के नाम पर युवाओं से मोटी रकम वसूलने का धंधा चल रहा है.
फ्लैट से मिले ब्लैंक चेक और दस्तावेज
छापेमारी के दौरान पुलिस ने गिरोह के सदस्य प्रवीण चंद को गिरफ्तार किया. उसके फ्लैट की तलाशी में 22 ब्लैंक चेक, कई मार्कशीट, एडमिट कार्ड और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए. पुलिस को आशंका है कि इन दस्तावेजों का इस्तेमाल नौकरी और परीक्षा में सेटिंग के नाम पर धोखाधड़ी के लिए किया जाता था.
Bihar news: निशानदेही पर चार और आरोपी दबोचे गए
प्रवीण चंद से पूछताछ के बाद पुलिस टीम ने विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर गिरोह के चार अन्य सदस्यों को भी गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कर्ण कुमार, राज कुमार, अमित चौधरी और मनोज कुमार के रूप में हुई है.
परीक्षा में कदाचार और अवैध उगाही का आरोप
एएसपी शिवम धाकड़ ने प्रेस वार्ता में बताया कि गिरोह बैंकिंग परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को अवैध तरीके से मदद पहुंचाने, परीक्षा में कदाचार कराने और नौकरी दिलाने का झांसा देकर उनसे भारी रकम वसूलता था. प्रारंभिक जांच में कई अहम जानकारियां सामने आई हैं.
दर्ज हुआ मामला, जांच जारी
पुलिस ने इस संबंध में रूपसपुर थाना में मामला दर्ज कर लिया है. गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में छापेमारी जारी है. पुलिस यह भी जांच कर रही है कि गिरोह ने अब तक कितने युवाओं को अपना शिकार बनाया है.
घटना के बारें में एएसपी ने क्या बताया ?
एएसपी शिवम धाकड़ ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर विशेष टीम गठित कर कार्रवाई की गई. बैंकिंग परीक्षाओं में कदाचार और अवैध उगाही से जुड़े इस नेटवर्क का खुलासा हुआ है. मामले में विधि-सम्मत कार्रवाई की जा रही है और पूरे नेटवर्क की जांच जारी है.
