प्रशांत किशोर की जीत के पीछे 3 रणनीतिकार कौन? जिनकी मदद से नितिन नवीन के किले को ढहाया

Prashant Kishor Won Bankipur Seat: जन सुराज के प्रशांत किशोर ने जीत दर्ज की. इसके बाद से कई तरह के मुद्दों की चर्चा तेज हो गई है. यह भी कहा जा रहा है कि प्रशांत किशोर की जीत के पीछे वैसे तो पूरे टीम ने मेहनत की लेकिन 3 लोगों के नाम प्रमुखता से लिए जा रहे हैं.

Prashant Kishor Won Bankipur Seat: सोमवार को बिहार की राजनीति में उलटफेर देखने के लिए मिला. जन सुराज के प्रशांत किशोर ने बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के किले को ढहा दिया और जीत दर्ज की. बीजेपी को उसके गढ़ में शिकस्त देकर प्रशांत किशोर ने ना सिर्फ एक चुनाव जीता, बल्कि बिहार की सियासत में एक नया संदेश लिख दिया है.

क्यों खास रहा बांकीपुर का नतीजा?

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि बांकीपुर के मतदाताओं ने सिर्फ उम्मीदवार को वोट नहीं दिया, बल्कि उस बेबाक अंदाज, आक्रामक तेवर और खुलकर बोलने वाली छवि को भी समर्थन दिया है, जिसके साथ प्रशांत किशोर बिहार की राजनीति में अपनी नई जमीन तैयार करने की कोशिश कर रहे हैं. बांकीपुर का ये नतीजा इसलिए भी खास है, क्योंकि यहां से अब सिर्फ एक विधायक नहीं निकला है बल्कि बिहार की सियासत में एक नई राजनीतिक चुनौती ने दस्तक दे दी है.

किसी भी चुनाव में जीत हार वोटर तय करते हैं. मुद्दों का गणित समीकरण को बनाता और बिगाड़ता है. लेकिन कामयाबी की हर कहानी लिखने के पीछे रणनीतिकारों की एक टीम जरूर होती है. प्रशांत की इस जीत में वैसे तो पूरी टीम की मेहनत लगी है, लेकिन तीन चेहरों के नाम प्रमुखता से लिए जा रहे हैं.

ये हैं तीन प्रमुख चेहरे

  1. जन सुराज के प्रदेश अध्यक्ष मनोज भारती- कहा जाता है कि मनोज भारती ने प्रशांत किशोर को चुनाव लड़ने के लिए तैयार किया. साथ ही प्रचार को लेकर रणनीति भी बनाई. मनोज भारती चुनाव के शुरुआत से आखिर तक एक्टिव रहे. उन्होंने जीत की रणनीति बनाई उसे एग्जीक्यूट भी किया. जन सुराज की जीत पर उन्होंने पूरा फोकस किया.
  2. पूर्व विधायक किशोर कुमार मुन्ना- किशोर कुमार मुन्ना के बारे में बताया जाता है कि वे एक वक्त पटना के चर्चित छात्र नेता हुआ करते थे. ऐसे में उन्हें शहर की बारीकियों का बखूबी अंदाजा था. हर बूथ के लिए अलग-अलग रणनीति मुन्ना ने ही तैयार की थी. किस इलाके के वोटर और किस तरह से सोचते हैं, इसके बारे में उन्हें अच्छे से जानकारी है.
  3. अनूप मैथिल- जनसुराज संघर्ष वाहिनी के प्रदेश अध्यक्ष हैं अनूप मैथिल. जमीन पर इन्होंने ही एजेंडा सेट किया. उन्होंने बांकीपुर से जुड़े छोटे से छोटे मुद्दे को उठाया और उसे मीडिया तक पहुंचाया. इस तरह से जमीनी स्तर से जुड़े मुद्दों को उछाला गया. इसका नतीजा यह देखने के लिए मिला कि जन सुराज ने बांकीपुर में बीजेपी को बैकफुट पर धकेल दिया.

आने वाले दिनों में बदल सकती है चुनाव की तस्वीर

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस जीत के बाद भाजपा, जदयू, राजद और कांग्रेस सभी अपनी चुनावी रणनीति की समीक्षा करेंगे. यदि जन सुराज आने वाले समय में अन्य इलाकों में भी इसी तरह का प्रदर्शन करती है तो आगामी विधानसभा चुनाव में मुकाबला पहले की तुलना में अधिक त्रिकोणीय हो सकता है.

Also Read: 3675 करोड़ की लागत से पटना में यहां बनेगा 12 किमी लंबा एलिवेटेड-एटग्रेड रोड, बिहार सरकार ने केंद्र से मांगी मदद


प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By प्रीति दयाल

प्रीति दयाल, बतौर कंटेंट राइटर काम कर रहीं हैं. यूट्यूब पोर्टल से पत्रकारिता की शुरुआत की. इसके बाद कई मीडिया संस्थानों में काम कर चुकीं हैं. डिजिटल मीडिया और कंटेंट राइटिंग में साढ़े 3 साल का अनुभव है. खबरें लिखना, वेब कंटेंट तैयार करने और ट्रेंडिंग सब्जेक्ट पर सटीक और प्रभावी खबरें लिखने का काम कर रहीं हैं.

प्रीति दयाल ने पत्रकारिता की पढ़ाई संत जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी से की. इस दौरान पत्रकारिता से जुड़ी कई विधाओं को सीखा. मीडिया संस्थानों में काम करने के दौरान डिजिटल जर्नलिज्म से जुड़े नए टूल्स, तकनीकों और मीडिया ट्रेंड्स को सीखा.

पहली बार लोकसभा चुनाव 2024 और बिहार विधानसभा चुनाव 2025 जैसे बड़े चुनावी कवरेज में काम करने का अवसर मिला. इस दौरान बिहार की राजनीति, चुनावी रणनीतियों, राजनीतिक दलों और प्रमुख नेताओं से जुड़े कई प्रभावशाली और पाठकों की रुचि के अनुसार कंटेंट तैयार किए. चुनावी माहौल को समझते हुए राजनीतिक विश्लेषण और ट्रेंडिंग मुद्दों पर आधारित खबरों को आसान और प्रभावी भाषा में तैयार करना कार्यशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा है.

कंटेंट रिसर्च, SEO आधारित लेखन, सोशल मीडिया फ्रेंडली कंटेंट तैयार करना और तेजी से बदलते न्यूज वातावरण में काम करना प्रमुख क्षमताओं में शामिल है. बिहार की राजनीति, सामाजिक मुद्दों, सिनेमा और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण घटनाओं पर रुचि और समझ है. टीम के साथ बेहतर समन्वय बनाकर काम करना और समय सीमा के अंदर गुणवत्तापूर्ण काम पूरा करना कार्यशैली का हिस्सा है.

प्रीति दयाल का उद्देश्य डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में लगातार सीखते हुए अपनी पत्रकारिता कौशल को और बेहतर बनाना और पाठकों तक विश्वसनीय और प्रभावशाली खबरें पहुंचाना है.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >