सुरक्षित शनिवार के लिए तैयार किया जा रहा वार्षिक कैलेंडर
शिक्षा विभाग की ओर से बच्चों को किताबी ज्ञान से अलग सुरक्षित शनिवार कार्यक्रम के तहत इंटरेक्टिव तरीके से पढ़ाई करायी जाती है
संवाददाता, पटना
शिक्षा विभाग की ओर से बच्चों को किताबी ज्ञान से अलग सुरक्षित शनिवार कार्यक्रम के तहत इंटरेक्टिव तरीके से पढ़ाई करायी जाती है. इसमें बच्चों को विशेष रूप से आपदा प्रबंधन पर विशेष रूप से फोकस किया जाता है. सुरक्षित शनिवार का नया वार्षिक कैलेंडर मार्च के पहले सप्ताह में जारी किया जायेगा. कैलेंडर में अलग-अलग महीने के अनुसार आपदा प्रबंधन के बारे में जागरूक करने को लेकर टॉपिक दिया जाता है. इसमें अगलगी से खतरे एवं बचाव, चक्रवाती तूफान, डायरिया से बचाव, विद्यालय सुरक्षा पखवारा का आयोजन, बाढ़ से बचाव आदि विषय की जानकारी दी जायेगी. इसके अलावा गांव के बच्चों के साथ गांव, टोले व मोहल्ले का बाल सुरक्षा समिति की मदद से हजार्ड हंट विषय पर भी जानकारी दी जायेगी. एससीइआरटी की ओर से सुरक्षित शनिवार कार्यक्रम के लिए टॉपिक तैयार कर लिया गया है.बच्चों में आत्मविश्वास विकसित और आपदा प्रबंधन की जानकारी देना मुख्य उद्देश्य
सुरक्षित शनिवार कार्यक्रम का उद्देश्य स्कूली बच्चों में जोखिम की पहचान और उससे बचाव के लिए ज्ञान और आत्मविश्वास विकसित करना है. जिला शिक्षा पदाधिकारी संजय कुमार ने कहा कि सुरक्षित शनिवार की गतिविधियां प्रत्येक शनिवार के चेतना सत्र और अंतिम सत्र में अनिवार्य रूप से आयोजित करना है. जिस माह में पांचवां शनिवार पड़े, तो उस स्थिति में बच्चों को स्वच्छता संबंधी विषयों के बारे में जानकारी देने के साथ ही अभ्यास भी कराना है. स्कूल में लंबी छुट्टी होने की स्थिति में बच्चों को गृहकार्य के रूप में विद्यालय सुरक्षा से संबंधित विषयों का अभ्यास एवं उसपर चर्चा करने संबंधी कार्य देना है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
