संवाददाता, पटना ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा), पटना विश्वविद्यालय इकाई के अध्यक्ष, नितीश कुमार और सचिव, सबा आफरीन ने इकबाल और नदवी छात्रावास के छात्रों की गिरफ्तारी की कड़ी निंदा की. आइसा ने कहा कि एक युवक की हत्या और उसकी पत्नी पर जानलेवा हमले के खिलाफ छात्रों और स्थानीय नागरिकों ने इंसाफ की मांग को लेकर आवाज उठायी. लेकिन पुलिस प्रशासन ने इस लोकतांत्रिक विरोध को दबाया. 7 मई की रात पटना पुलिस द्वारा इकबाल हॉस्टल में की गयी छापेमारी और छात्रों की गिरफ़्तारी इस बात का संकेत है कि जिन छात्रों ने पीड़ित परिवार के लिए न्याय की मांग की, उन्हें ही निशाना बनाया गया. 10 छात्रों को गिरफ्तार करना और उनमें से तीन को बेऊर जेल भेज देना लोकतांत्रिक अधिकारों का खुला उल्लंघन है. यह कार्रवाई छात्रों में डर और खामोशी थोपने की कोशिश है, जिसे हम किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं करेंगे. आइसा ने पटना विश्वविद्यालय प्रशासन और राज्य सरकार से मांग की है कि सभी गिरफ्तार छात्रों को तुरंत रिहा किया जाये और इस पूरी कार्रवाई की निष्पक्ष जांच हो.
आइसा ने नदवी छात्रावास के छात्रों की गिरफ्तारी की निंदा की
ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा), पटना विश्वविद्यालय इकाई के अध्यक्ष, नितीश कुमार और सचिव, सबा आफरीन ने इकबाल और नदवी छात्रावास के छात्रों की गिरफ्तारी की कड़ी निंदा की
