पटना : करेंसी मुद्दे पर राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने आज एक के बाद एक कई ट्वीट कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला है. राजद सुप्रीमो ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए ट्वीट किया है औरसवालकरतेहुए कहा कि मोदीजी आप 50 दिनों की सीमित असुविधा की बात कर रहे हैं, तो क्या समझा जाए कि आपके वादानुसार 50 दिनों बाद सबके खातों में 15-15 लाख आ जाएंगे?
लालू प्रसाद ने अपनेअगले ट्वीट में कहा है कि नाटकीय भाषणों से आमजनता को ना सांत्वना मिलेगी और ना दुःखों का अंत होगा. स्थिति विस्फोटक हो रही है और लोग परेशान है.वहीं आप भाषण पर भाषणदियेजा रहे है. पीएम मोदी पर हमला तेज करते हुए उन्होंने कहा कि डिफॉल्टर पूंजीपति पांच सितारों में, आम आदमी कतारों में और आप विदेशी नजारों में और ऊपर से कह रहे हो जो कतारों में है वो चोर-नाकारें है. इस ‘अभाव के कुंए’ में देश को धकेलते समय आपने कहा कि कुछ दिन की बात है फिर जेटली जी 15 दिन बोल गये और अब 50 दिन? निम्न वर्ग जूझ रहा है.
उन्होंने सवाल करते हुए आगे ट्वीट किया है और कहा कि आम आदमी को परेशान करने से पहले ये बताओ बैंकों का लाखो करोड़ डकारने वाले डिफॉल्टर्स पर क्या कार्रवाई कर रहे है. ये उनको बचाने का नाटक तो नही है.लालूप्रसाद नेकहा, मोदीजी बताये कितने पूंजीपतियों का कितना लाख करोड़ बैंकों पर बकाया है और उसकी उगाही के लिए सरकार क्या कठोर कदम उठा रही है? देश जानना चाहता है
लालू प्रसाद ने अपने एक अन्य ट्वीट में कहा कि क्या मोदी बताएंगें की लोगों के लंबी लाइनों में खड़े रहने की वजह से देश को कितने अरबोंमैनऑवर्स एवं प्रोडक्शन का नुकसान हुआ? मोदी बताये कि अगर करप्शन और काला धन समाप्त करना चाहते है तो 2000रुपये का नोट क्यों बनाया? आपकी इस मंशा पर देश को शंका है. क्या सरकार 50 दिन के बाद आंकड़ा सावर्जनिक करेगी कि खातों में पैसे होने के बावजूद कितने लोग खाने व इलाज के अभाव और सदमे में मारे गये.
राजद सुप्रीमो ने कहा कि अगर ये सब करने के बाद भी लोगों को 15 लाख नहीं मिले तो इसका मतलब होगा कि यह फर्जिकल स्ट्राइक था और इसके साथ ही आम जनता का फेक-एनकाउंटर भी. उन्होंने कहा कि मोदी जी, देश को भरोसा दिलाइये कि जनता को 2 माह पूर्ण असुविधा देने और काले धन की उगाही के बाद सबके खाते में 15 लाख रुपये आयेंगे. हम काले धन के विरुद्ध हैं पर आपके कृत्य में दूरदर्शिता और क्रियान्वयन का पूर्ण अभाव दिख रहा है. आम आदमी की सहूलियत का ख्याल रखना चाहिए.
