जलापूर्ति पाइपलाइन के पुराना होने से लीकेज की समस्या
पटना : पटना नगर निगम के सभी वार्डों में जलमीनार बना कर लोगों को जलापूर्ति की व्यवस्था को लेकर बनी योजना अब भी लड़खड़ा रही है. दरअसल कई वार्डों में यह योजना लागू ही नहीं हो पायी है. जहां पर यह लागू हुई और जलमीनार बन कर तैयार है, वहां भी जलापूर्ति की व्यवस्था कई कारणों से शुरू नहीं हो पायी है. नेहरू नगर में बनी जलमीनार से जलापूर्ति नहीं हो रही है. जानकारों के अनुसार जलमीनार से पाइप कनेक्शन का काम मुख्य पाइप के साथ नहीं होने से इसे चालू नहीं किया जा सका है. एएन कॉलेज के आगे पानी टंकी के समीप नया जलमीनार बन कर कई वर्षों से तैयार है, लेकिन इससे पानी नहीं मिल रहा है.
पाइपलाइन विस्तार नहीं होने से भी परेशानी : निगम के आधिकारिक सूत्र ने बताया कि वार्डों में पानी की जलापूर्ति को लेकर पाइप लाइन का विस्तार होना है. अधिकांश वार्डों में पाइपलाइन विस्तार का काम नहीं हुआ है. कहीं-कहीं तो पाइपलाइन बिछाने का काम भी शुरू नहीं हुआ है. पाइपलाइन का विस्तार नहीं होने से जलापूर्ति नहीं शुरू हो रही है. निगम क्षेत्र के 60 प्रतिशत मकानों में 87 पंप हाउस के सहारे पीने के पानी पहुंचाया जा रहा है. जलापूर्ति पाइप लाइन के काफी पुराना होने से लीकेज की समस्या बनी रहती है.
सिमटी हैं योजनाएं
18 वार्डों में आधी-अधूरी जलमीनार बनाने का काम हुआ है. ऐसे वार्डों में 33 किलोमीटर जलापूर्ति पाइपलाइन बिछायी गयी. एजेंसी द्वारा काम छोड़ कर जाने पर बुडको व नगर निगम को मिल कर योजना पूरी करनी है. पटना सिटी क्षेत्र में अधूरी पांच जल मीनारों के निर्माण के लिए टेंडर निकला है.
पाइपलाइन का होगा विस्तार अधूरी पड़ी जल मीनार का काम पूरा
कर इसे चालू करने के लिए टेंडर किया गया है. जल मीनार का
पानी दूर-दूर तक पहुंचाने के लिए क्षेत्र में पाइपलाइन का विस्तार किया जायेगा. पटना सिटी क्षेत्र में पांच अधूरी जलमीनारों का निर्माण शीघ्र पूरा कराया जायेगा.
सीता साहू , मेयर
