मुख्यालय कार्यालय, पटना कॉलेज से लेकर बीएन कॉलेज तक रहा असर
कुलपति से मिले छात्र दिया ज्ञापन
पटना : सरस्वती पूजा के बाद सैदपुर और मिंटो छात्रावास के मूर्ति विसर्जन के दौरान छात्रों पर हुए हमले के विरोध में मंगलवार को छात्रों ने पटना विश्वविद्यालय को बंद कराया. पटना विश्वविद्यालय मुख्यालय कार्यालय, पटना कॉलेज से लेकर बीएन कॉलेज तक इसका असर देखने को मिला. हालांकि शुरू में छिटपुट कक्षाएं आयोजित हुईं लेकिन बाद में छात्रों ने बंद करा दिया.
अशोक राजपथ को किया जाम : बीएन कॉलेज के पास छात्रों ने सड़क को पूरी तरह से जाम कर दिया और घंटों आवागमन बंद रहा. इस दौरान छात्रों ने वहां टायर जलाकर आगजनी की और सड़क पर ही धरने पर बैठक गये. छात्रों ने विवि प्रशासन, जिला प्रशासन व पुलिस प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारे लगाये और दोषियों के बचाव करने का आरोप लगाया. छात्रों ने दोषी लोगों को गिरफ्तार करने की मांग की. घायल छात्रों को मुआवजा देने तथा इलाज का पूरा खर्च उठाने की मांग की.
वीसी आवास पर दिया धरना : छात्रों ने वीसी आवास के बाहर अपनी मांगों को लेकर धरना दिया. इसके बाद कुलपति प्रो रास बिहारी सिंह आकर स्वयं छात्रों से मिले. छात्रों ने उन्हें अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा. कुलपति ने छात्रों की मांगों पर विचार करने का आश्वासन दिया.
छात्रों ने आरोप लगाया कि मूर्ति विसर्जन के दौरान स्थानीय लोगों द्वारा बम और गोली से हमला किया गया. इसके विरोध में तब तक आंदोलन जारी रहेगा, जब तक कि दोषी नहीं पकड़े जाते. एबीवीपी के विक्की राय ने कहा कि बम और गोली से हमला किया गया था, जिसमें बीएन कॉलेज के एक छात्र को गोली लगी है. एक दर्जन से अधिक छात्र घायल हैं. छात्र जनता दल यूनाइटेड के प्रदेश प्रवक्ता कुमार सत्यम ने कहा कि निर्दोष छात्रों पर हुए गलत केस को वापस लिया जाये. उन्होंने कहा कि तीन दिनों के अंदर दोषियों पर कार्यवाही नहीं होती है, तो पटना विश्वविद्यालय के छात्र उग्र आंदोलन करेंगे. उन्होंने कहा कि यह घटना अत्यंत निंदनीय है.
