पटना : राज्य के कुल 59 जेलों में एक अनुमान के मुताबिक 39,600 कैदी हैं. इनमें से अब तक करीब 15 हजार कैदियों की एचआइवी जांच हो चुकी है. जांच में 89 कैदियों में इसका संक्रमण पाया गया है.
राज्य के शेष जेलों में कैदियों की एचआइवी जांच 31 मार्च 2020 तक पूरी कर ली जायेगी. जेल में एचआइवी संक्रमित कैदियों की पहचान के लिए राज्यव्यापी अभियान की शुरुआत 2019 में ही हुई थी. इसके तहत जेल आने वाले हर कैदी की एचआइवी जांच की जा रही है. इतना ही नहीं जेल प्रशासन इसकी रिपोर्ट हर महीने बिहार स्टेट एड्स कंट्रोल सोसाइटी को भेज रहा है. इसके आधार पर डाटा तैयार होता है.
जेल में एचआइवी संक्रमित कैदी किसी तरह से अन्य कैदियों को संक्रमित न कर दे इसके लिए उनपर विशेष नजर रखी जा रही है. हालांकि उनके साथ किसी तरह का भी भेदभाव नहीं किया जायेगा. जरूरत पड़ने पर संक्रमित कैदियों को अाइसोलेशन वार्ड में भी रखा जा सकता है.
