पटना : महापर्व छठ के अवसर पर छठव्रतियों की ओर से भगवान भाष्कर को अर्घ दिये जाने के लिए शहर के बीचों-बीच बने तालाब को तैयार किया जा रहा है. राजधानी में मुख्य रूप से गर्दनीबाग में कच्ची तालाब व अनिसाबाद में मानिक चंद तालाब पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं.
दोनों तालाबों पर आसपास के मुहल्लों के अलावा बाइपास से सटे इलाके के छठव्रती पहुंच कर भगवान भाष्कर को अर्घ देते हैं. महापर्व छठ को लेकर दोनों तालाबों की साफ-सफाई का काम शुरू कर दिया गया है. तालाब में बैरिकेडिंग करायी जा रही है़ ताकि, छठव्रती अधिक पानी में नहीं जा सके. साथ ही महापर्व के दिन तालाब में किसी तरह की हादसा नहीं हो, इसकी सुरक्षा का भी इंतजाम हो रहा है.
इस बार अच्छी बारिश के कारण मानिकचंद तालाब में पानी काफी है. तालाब के किनारे-किनारे घाट होने से छठव्रतियों को काफी सुविधा होगी. तालाब में पहुंचने के लिए चारों तरफ सीढ़ी बनी हुई है. शहर के बीच में होने की वजह से अनिसाबाद सहित आसपास के मुहल्लों के छठव्रती पहुंच कर पूजा-अर्चना करते हैं. तालाब में चारों तरफ बैरिकेडिंग करने का काम शुरू हो गया है.
कच्ची तालाब, गर्दनीबाग
गर्दनीबाग में बने कच्ची तालाब में ब्रिटिश काल से लोग पहुंच कर वहां घुमने व बैठने का काम करते हैं. जानकारों के अनुसार सचिवालय के निर्माण में इस जगह की मिट्टी ले जाकर भरने का काम हुआ था. आसपास के मुहल्लों सहित न्यू बाइपास के कई इलाके के छठव्रती कच्ची तालाब पहुंच कर पूजा-अर्चना करते हैं. काफी भीड़ जुटने को लेकर तालाब की साफ-सफाई लगातार जारी है.
