जलजमाव की मार से लोग लाचार, बारिश ने बढ़ायी परेशानी

पटना सिटी : बारिश ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी. शुक्रवार को स्थिति यह हो गयी िक वार्ड 47 के कस्तूरबा नगर में घरों में भी पानी आ गया है, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गयी है. जलजमाव की मार से लाचार हुए आमजन की पीड़ा यह है कि पानी के बीच आवाजाही करनी […]

पटना सिटी : बारिश ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी. शुक्रवार को स्थिति यह हो गयी िक वार्ड 47 के कस्तूरबा नगर में घरों में भी पानी आ गया है, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गयी है. जलजमाव की मार से लाचार हुए आमजन की पीड़ा यह है कि पानी के बीच आवाजाही करनी पड़ रही है.
सबसे अधिक परेशानी बच्चों व महिलाओं को उठानी पड़ रही है. जलजमाव की यह स्थिति बहादुरपुर 13 बी, बहादुरपुर मुसहरी, श्याम मंदिर रोड, कस्तूरबा नगर, बाजार समिति का परिसर, बाजार समिति, पंचवटी नगर, रामकृष्ण कॉलोनी, वाचस्पति नगर, संदलपुर गांव, शिव शक्ति नगर, शनिचरा आदि मुहल्लों में है. पंद्रह हजार की आबादी को यह पीड़ा झेलनी पड़ रही है. जलजमाव की यह स्थिति बेगमपुर में रघुनाथ हाइस्कूल परिसर, बेना शाह की बाग, वार्ड संख्या 68 के नखास पिंड व आदर्श कॉलोनी समेत एक दर्जन से अधिक मोहल्लों में है.
दानापुर : काॅलोनियों में पानी
दानापुर. बारिश से नगर व छावनी परिषद प्रशासन की सफाई व्यवस्था का पोल खुल गयी. नगर में सड़कों पर जलजमाव के कारण आम लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है. खासकर स्कूली बच्चों को जलजमाव के कारण पानी में घुस कर जाना पड़ रहा है.
छावनी क्षेत्र के लाल कोठी स्कूल के पास महीनों से जलजमाव है, परंतु नाला उड़ाही के नाम पर केवल खानापूर्ति हो रही है. नाले का गंदा पानी सड़क पर बह रहा है. बस पड़ाव, पीपा पुल मार्ग, सीढ़ी घाट , बीबीगंज, अस्पताल मोड़, नगर पर्षद क्षेत्र के गोला रोड, आर्य समाज रोड, रंजन पथ, जजेज कॉलोनी आदि जगहों पर जलजमाव है.
धान के लिए वरदान साबित होगी बारिश, सूखा क्षेत्रों में आयेगी कमी
पटना : हथिया नक्षत्र में हो रही बारिश धान के फसल के लिए वरदान सिद्ध होगी. कृषि विभाग में सहायक निदेशक सह कृषि वैज्ञानिक डाॅ राजेश के अनुसार राज्य में लगभग 80 फीसदी से अधिक रोपनी हुई है.
अब यह बारिश धान की सिंचाई करेगी व फसल को सूखने नहीं देगी. किसानों को पटवन में खर्च नहीं करना होगा. इस बारिश के फसल में आगे चल कर बाली अच्छे होंगे. चूंकि, धान में अभी दाना नहीं आने का समय नहीं होने के कारण धान गिरने की संभावना भी कम है. वहीं धान के अलावा इस बारिश का असर रबी की फसल को लेकर भी फायदेमंद रहेगा. अधिक बारिश का संकेत है कि सर्दी अधिक पड़ेगी.
इससे गेहूं का उत्पादन भी प्रभावित होगा. उन्होंने बताया कि बारिश के बाद जब विभाग की ओर से जिलों में निरीक्षण किया जायेगा, तो इसका असर देखने को मिलेगा. इसकी पूरी संभावना है कि सूखा क्षेत्र में कमी आये. गौरतलब है कि पटना, मगध व मुंगेर प्रमंडलों के अधिकतर जिलों में पहले से बारिश कम हुई है. इससे इन क्षेत्रों में सूखा पड़ने की संभावना थी. अब की बारिश उसके असर को भी कम करेगा.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >