पटना सिटी : हजरत इमाम हुसैन व उनके 72 अंसारों की कर्बला की जंग में हुई शहादत पर मुहर्रम की आठवीं तारीख को रविवार के दिन शिया समुदाय की ओर से चमडोरिया स्थित इमामबाड़ा दरगाह बाबुल हयाच से अलम का जुलूस निकाला गया.
सैकड़ों अलम के साथ निकला मातमी जुलूस अशोक राजपथ के मुख्य मार्ग झाऊगंज, चौक, मच्छरहट्टा, खाजेकलां, पानी टंकी, गुरहट्टा, गुजरी बाजार व पश्चिम दरवाजा होते हुए नवाब बहादुर रोड तक आया. जुलूस में शामिल लोग सीनाजनी करने के साथ नौहाखानी करते व मर्सिया पढ़ते चल रहे थे. मर्सिया में कर्बला की जंग का शाब्दिक चित्रण किया जा रहा था. वहीं, या अली या मौला जैसे उद्घोष गूंज रहे थे. जुलूस में अंजुमन- ए- हैदरी, दस्ते-ए-सज्जदिया,अंजुमन – ए-अब्बासिया,अंजुमन – ए-पंजेतनी, अंजुमन – ए-हुसैनिया व अंजुमन – ए-सज्जदिया समेत अन्य अंजुमनों के लोग शामिल थे.
नौहाखानी व सीनाजनी करते हुए चल रहे थे
ये नौहाखानी व सीनाजनी करते हुए चल रहे थे. जुलूस में दरगाह चमडोरिया के सचिव सैयद शाह जाैहर इमाम जाैनी, डॉ सिकंदर अली, तनवीरुल हसन तन्नू, संजर अली,सैयद सैयद सरवर अली आदि शामिल थे. दरगाह चमडोरिया के सचिव सैयद शाह जाैहर इमाम जाैनी ने बताया कि चमडोरिया से अलम का यह जुलूस 111 वर्षों से निकल रहा है.
नवमीं मुहर्रम पर सोमवार को बौली इमामबाड़ा से दुलजना का जुलूस निकाला जायेगा, जो बड़ी हवेली गुजरी बाजार तक जायेगा. वहीं, देर शाम पानदरीबा गली से मातमी जुलूस निकलकर नवाब बहादुर रोड तक जायेगा. इसमें भी लोग मर्सिया पढ़ते व नौहाखानी करते चलेंगे. जुलूस को लेकर प्रशासन ने अशोक राजपथ पर पश्चिम दरवाजा से लेकर मारुफगंज के बीच ऑटो व अन्य वाहनों का परिचालन बंद कर दिया था.
सिपहर व ताजियों का पहलाम कल
सुल्तानगंज स्थित दरगाह कर्बला में मंगलवार को स्थापित सिपहर व ताजियों का पहलाम किया जायेगा. इसके लिए प्रशासनिक तैयारी भी की गयी है. एसडीओ राजेश रोशन ने बताया कि पहलाम के लिए तीन अस्थायी थाने दरगाह कर्बला, तिराहे की मस्जिद व पत्थर की मस्जिद में खोले जायेंगे. जुलूस की वीडियोग्राफी करायी जायेगी. सीसीटीवी कैमरे से नजर रखी जायेगी. जुलूस में डीजे नहीं बजाने, तलवार का प्रदर्शन नहीं करने समेत अन्य तरह के निर्देश दिये गये.
पहलाम के अखाड़ा में हाथी, घोड़ा व ऊंट पर भी प्रतिबंध रहेगा. दूसरी ओर, प्रशासन की ओर से चिह्नित किये गये स्थानों पर दंडाधिकारी व पुलिस पदाधिकारी तैनात रहेंगे. संवेदनशील स्थानों पर कड़ी चौकसी का निर्देश थानाध्यक्षों को दिया गया है.
