पटना : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना को जोड़ने वाली बिहटा-सरमेरा सड़क (एसएच-78) काे मार्च, 2020 तक पूरा करने का निर्देश दिया है. राजगीर जाने और लौटने के क्रम में मुख्यमंत्री ने बुधवार को एसएच-78 का निरीक्षण किया.
यह सड़क डुमरी से सरमेरा तक बन चुकी है, जबकि डुमरी से बिहटा एयरपोर्ट तक जमीन उपलब्ध है. मुख्यमंत्री ने पथ निर्माण विभाग के प्रधान सचिव अमृत लाल मीणा को यहां छह महीने में सड़क बनाने का निर्देश दिया. डुमरी से बिहटा एयरपोर्ट तक काम पूरा होने के बाद बिहटा से सरमेरा तक पूरी सड़क तैयार हो जायेगी. मुख्यमंत्री ने चार अन्य सड़कों का भी जायजा लिया.
निरीक्षण के दौरान पथ निर्माण विभाग के प्रधान सचिव ने मुख्यमंत्री को जानकारी दी कि एनएच-31 के चौड़ीकरण (फोरलेन) के लिए भूमि अधिग्रहण का काम शुरू हो चुका है. मुख्यमंत्री ने इसमें तेजी लाकर चौड़ीकरण जल्दी शुरू करने का निर्देश दिया.
ये रहे मौजूद
मुख्यमंत्री के निरीक्षण के दौरान पथ निर्माण विभाग के प्रधान सचिव अमृत लाल मीणा, परिवहन विभाग के सचिव सह बिहार राज्य पथ विकास निगम लिमिटेड के एमडी संजय कुमार अग्रवाल, मुख्यमंत्री के सचिव अनुपम कुमार व विशेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह और पथ निर्माण विभाग के अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे.
डुमरी से बिहटा एयरपोर्ट तक उपलब्ध जमीन पर जल्द सड़क बनाने का दिया निर्देश
पटना से राजगीर की दूरी और होगी कम, तेलमर से नूरसराय तक 20 किमी लंबी बनेगी नयी सड़क
सीएम ने निरीक्षण के दौरान पटना से राजगीर के बीच शॉर्टेस्ट और फास्टेस्ट कनेक्टिविटी के लिए पटना-बख्तियारपुर फोरलेन में एक नये एलाइनमेंट की मंजूरी दी. उन्होेंने तेलमर होते हुए नूरसराय तक 20 किमी लंबा और 10 मीटर चौड़ी नयी सड़क के एलाइनमेंट पर जल्द निर्माण कार्य शुरू करने का निर्देश दिया. उन्होंने 60 करोड़ रुपये से रामघाट से डियावां तक 20 किमी लंबी और साढ़े पांच मीटर चौड़ी बन रही सड़क का भी निरीक्षण किया. इसे जून, 2020 तक पूरा करने का निर्देश दिया.
दनियावां, हरनौत व बाढ़ बाइपास चार महीने में पूरा करने का निर्देश
मुख्यमंत्री ने फतुहा-दनियावां-हरनौत-बाढ़ तक 71 किमी लंबे एनएच-30ए का भी जायजा लिया. उन्होंने कहा कि यह 65 किमी तक बनकर तैयार है. बाकी बचे हुए छह किमी हिस्से के अलावा दनियावां बाइपास, हरनौत बाइपास व बाढ़ बाइपास को भी चार महीने में पूरा करने का निर्देश दिया.
