पटना : झारखंड विधानसभा का चुनाव अक्तूबर में संभावित है. इसमें सभी 81 सीटों पर जदयू अकेले चुनाव लड़ेगा. चुनाव में पार्टी का मुख्य एजेंडा भ्रष्टाचार से मुक्ति, आदिवासियों को जमीन दिलाना, रोजगार और मॉब लिंचिंग से छुटकारा दिलाना शामिल हैं. वर्तमान सरकार में भ्रष्टाचार और क्रियाकलापों से वहां के लोग परेशान हैं. ऐसे में उन सभी के लिए जदयू बेहतर विकल्प बनकर उभरा है.
ये बातें झारखंड प्रदेश जदयू अध्यक्ष सालखन मुर्मू ने पटना में रविवार को आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहीं. उन्होंने कहा कि राज्य के विधानसभा चुनाव की रणनीति के बारे में शनिवार को पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार से विस्तार से बात हुई है. वे 25 अगस्त को रांची में पार्टी के करीब दो हजार नेताओं और कार्यकर्ताओं को संबोधित कर झारखंड विधानसभा चुनाव का शंखनाद करेंगे. सालखन मुर्मू ने कहा कि भाजपा सरकार बड़े उद्योगपतियों को जमीन आवंटित कर रही है.
इससे आदिवासी और मुसलमान नाराज हैं. मुर्मू ने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार के कामकाज के खिलाफ जदयू नौ अगस्त को क्रांति दिवस और विश्व आदिवासी दिवस पर सभी जिला मुख्यालयों में एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन का आयोजन करेगा. 20 अगस्त को सभी जिला मुख्यालयों में झंडा, बैनर के प्रदर्शन रैली का आयोजन होगा.
जदयू के प्रदेश प्रभारी अरुण कुमार ने कहा कि झारखंड में सदस्यता अभियान चल रहा है. इसके तहत अब तक पार्टी के करीब दो लाख प्राथमिक सदस्य बन चुके हैं.
