पटना : डिप्टी सीएम सुशील मोदी ने कहा है कि एनडीए सरकार ने मेडिकल की पढ़ाई और डाक्टरी के पेशे में बढ़ते भ्रष्टाचार के लिए जिम्मेदार एमसीआइ की जगह राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) का गठन करने लिए जो बिल पारित कराया है,उससे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा.
मेडिकल कालेजों में मनमानी फीस पर रोक लगने से कमजोर आय वर्ग के छात्रों को राहत मिलेगी. गांव-देहात में गरीबों के इलाज के लिए ज्यादा चिकित्साकर्मी उपलब्ध होंगे. नये आयोग के 25 में 11 सदस्य राज्यों का प्रतिनिधित्व करेंगे, जिससे राष्ट्रीय निकाय का संघात्मक स्वरूप निखरेगा. कांग्रेस गुमराह डाक्टरों की हड़ताल का समर्थन कर पीड़ित जनता का कष्ट बढ़ाने में लगी है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने 40 पुराने श्रम कानूनों को मिला कर चार श्रम संहिता बनाने की पहली कड़ी में मजदूरी संहिता विधेयक को संसद के दोनों सदनों से पारित कराया.
