बिहारशरीफ से मरीज को लेकर आये थे परिजन
परिजनों ने कहा, मृत है तो दीजिये मृत्यु प्रमाणपत्र, नहीं तो करें उपचार
परिजन पोस्टमार्टम के लिए नहीं हुए तैयार
पटना सिटी : नालंदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल की इरमजेंसी में शुक्रवार की शाम बिहारशरीफ से बीमार महिला को उपचार कराने के लिए अस्पताल लेकर पहुंचे परिजनों ने हंगामा किया. दरअसल मामला यह है कि 60 वर्षीया साधाना देवी की तबीयत बिगड़ने के उपरांत परिवार वाले उसे उपचार कराने के लिए अस्पताल लेकर आये. जहां इमरजेंसी में तैनात चिकित्सकों ने जांच पड़ताल के उपरांत महिला को मृत घोषित कर दिया.
इसके बाद परिवार वाले आक्रोशित हो गये और डॉक्टरों से कहने लगे कि आप इनका उपचार कीजिए यह जीवित है, अगर मृत है तो इनका मृत्यु प्रमाणपत्र दीजिए. इसी बात को लेकर हंगामा मचा रहे परिजनों को जब डॉक्टरों ने कहा कि मृत्यु प्रमाणपत्र लेने के लिए लाश का पोस्टमार्टम कराना होगा, इसके लिए परिजन तैयार नहीं हुए. इसके बाद काफी देर तक हंगामा होता रहा.
इसी बीच अस्पताल प्रशासन की सूचना पर आलमगंज थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और समझा बुझा कर मामले को शांत कराया. इसके बाद परिवार के लोग लाश को लेकर चले गये. अस्पताल के अधीक्षक डॉ चंद्रशेखर ने बताया कि अस्पताल में महिला मृत पहुंची थी. प्रमाणपत्र के लिए पोस्टमार्टम कराने को कहा गया, तो विरोध करते हुए हंगामा करने लगे. परिवार के लोग बगैर पोस्टमार्टम के लाश लेकर चले गये हैं.
