पटना : देश में किसानों, मजदूरों व गरीबों के हित में एनडीए सरकार कुछ भी नहीं कर रही है. बजट में किसानों, युवाओं के लिए कुछ नहीं है. ऐसे में अब जरूरत है कि देश में एक कम्युनिस्ट मूवमेंट हो. सभी लेफ्ट मिलकर आगे की रणनीति तैयार करें, वरना 44 पार्टियों से गठबंधन कर सत्ता में रहेंगे और तानाशाही रवैये से देश में नये-नये कानून लायेंगे.
ये बातें बिहार राज्य परिषद भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की बैठक के समापन के बाद राष्ट्रीय सचिव अमरजीत कौर ने केदार भवन में प्रेस काॅन्फ्रेंस कर कहीं. उन्होंने कहा कि सरकार के पहले बजट ने ही सरकार के रूख को स्पष्ट कर दिया है कि वह अपने पहले कार्यकाल से भी कहीं ज्यादा रफ्तार से देश के सार्वजनिक उद्यमों को निजी हाथों में बेचेगी. देश में पिछले पांच वर्षों में बाहरी कर्ज बढ़ गया है. इसमें और इजाफा होगा.
भाकपा की योजना : श्रम संगठनों द्वारा दो अगस्त को देशव्यापी विरोध दिवस का भी राज्य परिषद ने समर्थन किया है. बिहार में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की 80वीं सालगिरह कार्यक्रमों का आयोजन होगा. नौ अगस्त को अंग्रेजों भारत छोड़ो दिवस है, इस दिन पूरे प्रदेश में लोगों कि समस्याओं पर आक्रोश प्रदर्शन किये जायेंगे. 16 अगस्त से पूरा सप्ताह जनसमस्याओं को लेकर पदयात्रा िनकाली जायेगी.
भाकपा स्नातक चुनाव में पटना से भोला पासवान को उतारेगी मैदान में : भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव सत्यनारायण सिंह ने कहा है कि स्नातक चुनाव में पटना से भोला पासवान उम्मीदवार होंगे.
साथ ही सारण से केदारनाथ पांडे, मुजफ्फरपुर से संजय कुमार सिंह और दरभंगा के लिए एक सप्ताह में नाम की घोषणा की जायेगी. उन्होंने कहा कि पार्टी विधानसभा के उपचुनाव में नाथनगर, सिमरी बख्तियारपुर व दरौंदा से उम्मीदवार को उतारेगी. इसकी तैयार चल रही है.
