पटना : राज्य में अब किसी भी जर्जर स्कूल भवन और खुले आसमान के नीचे चल रहे स्कूलों में पढ़ाई नहीं होगी. विधानसभा में मंगलवार को शिक्षा विभाग के प्रभारी मंत्री श्रवण कुमार ने यह जानकारी दी.
मंत्री ने कहा कि राज्य के किसी सरकारी स्कूल के जर्जर भवन में या किसी स्कूल में पेड़ के नीचे बैठकर पढ़ाई नहीं होगी. इस तरह से पढ़ाई कराने पर सरकार ने पूरी तरह से रोक लगा दी है. सभी जिलों के जिला शिक्षा पदाधिकारी को ऐसे स्कूलों का पता लगाकर चिह्नित करने का आदेश दिया गया है.
राजद के डाॅ रामानुज प्रसाद के तारांकित प्रश्न के जवाब में मंत्री ने कहा कि जिन स्कूल के भवन जर्जर हैं या ऐसी कोई स्थिति है, तो वहां के बच्चों को पास स्कूल में शिफ्ट करके पढ़ाई करायी जायेगी.
उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे सरकार के पास फंड उपलब्ध होगा, स्कूल भवनों के निर्माण का कार्य पूरा कराया जायेगा. भाजपा के मिथिलेश तिवारी के प्रश्न का जवाब देते हुए मंत्री ने कहा कि राज्य के दो हजार 400 उच्च माध्यमिक स्कूलों में बेंच-डेस्क समेत तमाम उपस्कर और लैब की सामग्री खरीदने के लिए 120 करोड़ रुपये उपलब्ध करा दिये गये हैं. जहां सामान की खरीद नहीं की गयी है, वहां जल्द खरीदने को कहा गया है.
