पटना : पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय में ऑनलाइन एडमिशन के नाम पर ऑनलाइन आवेदन ही लिया जा रहा है. विवि द्वारा छात्रों को ऑनलाइन पैसा जाम करने की सुविधा नहीं दिये जाने से नामांकन के दौरान भारी अव्यवस्था देखने को मिल रही है.
चालान से पैसा जमा कराने और फिर इसे चालान को जमा करने के कारण कॉलेज से लेकर बैंक तक में छात्रों को कतारों में घंटों धूप में खड़ा रहना पड़ रहा है. यही वजह है कि एक बार तिथि बढ़ाये जाने पर भी प्रथम लिस्ट का नामांकन नहीं हो पाया और तिथि बढ़ानी पड़ी. अब 18 जून नामांकन की आखिरी तिथि है.
कैशलेस व्यवस्था नहीं होने से हो रही समस्या : पटना विश्वविद्यालय अब पूरी तरह से कैशलेश हो चुका है. एक रुपया भी अब छात्रों से मैनुअली नहीं लिया जाता है. लेकिन पीपीयू अब भी उसी पुराने ढर्रे पर चल रहा है. जबकि राजभवन का स्पष्ट आदेश है कि सभी विश्वविद्यालय पूरी तरह से कैशलेश व्यवस्था लागू करें.
अगर ऑनलाइन माध्यम से नामांकन की फीस भी ली जाती तो इस तरह की समस्या सामने नहीं आती. पीयू में यह व्यवस्था सफलता पूर्वक चल रही है. पीपीयू में सिर्फ सिस्टम को डेवलप करने की जरूरत है. लेकिन ऐसा लग रहा है कि पाटलिपुत्र में अभी चीजों को पटरी पर आने में काफी समय लगेगा. इधर छात्रों को नामांकन के दौरान भारी फजीहत झेलने को मिल रही है.
