पटना : कर्मचारी राज्य बीमा निगम (इएसआइसी) योजना के अनेक लाभों में से एक महत्वपूर्ण लाभ बीमित व्यक्तियों के बच्चों के लिए मेडिकल व डेंटल कॉलेज में नामांकन के लिए आरक्षण भी है. इसके बारे में बहुत कम लोगों को जानकारी है.
बीमित व्यक्तियों के जो बच्चे नीट परीक्षा में शामिल हुए हैं, उनके लिए इएसआइसी के मेडिकल कॉलेजों, डेंटल कॉलेजों में एमबीबीएस तथा बीडीएस कोर्स के लिए वर्तमान में 317 सीटें आरक्षित हैं. इन संस्थानों में नामांकन हेतु ‘वार्ड ऑफ आइपी प्रमाणपत्र’ जारी किया जाता है.
इस प्रमाणपत्र के आधार पर बीमित कर्मचारियों के आश्रित बच्चों का कर्मचारी राज्य बीमा निगम की ओर से देश में संचालित सात मेडिकल कॉलेजों तथा डेंटल कॉलेजों में आरक्षित सीट पर नामांकन का प्रावधान है. इएसआइसी के क्षेत्रीय निदेशक अरविंद कुमार ने बताया कि इएसआइसी की ओर से बिहार से इस वर्ष कुल 24 बच्चों को वार्ड ऑफ आइपी प्रमाणपत्र जारी किया गया है.
इन बीमित व्यक्तियों के बच्चों का नामांकन कर्मचारी राज्य बीमा निगम के मेडिकल कॉलेजों में होगा. वे मात्र 24,000 रुपये के मामूली वार्षिक शुल्क पर मेडिकल की पढ़ाई पूरी कर सकेंगे.
