पटना : सूबे के पुलिस मुखिया डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय साेमवार की रात अचानक एसएसपी कार्यालय पहुंच गये. वहां पहले से एसएसपी गरिमा मलिक सभी थानेदारों, डीएसपी, एसपी के साथ मीटिंग कर रही थी. दरअसल एसएसपी की यह मीटिंग यूं ही नहीं चल रही थी, बल्कि हाल के दिनों में पटना में तेज हुई आपराधिक घटनाओं को लेकर थी. तमाम बड़े कांडों की चर्चा के बीच उस समय खलबली मच गयी जब अचानक डीजीपी भी एसएसपी कार्यालय पहुंच गये. डीजीपी ने खुद मीटिंग लेना शुरू कर दिया.
डीजीपी के 15 मिनट की मीटिंग का असर यह रहा है कि सर्द रात में मातहतों के पसीने छूट गये. उन्होंने साफ कहा कि हमें रिजल्ट चहिए. 8 दिनों के अंदर अपने काम करने के तरीके को बदल लीजिए, हम पुलिसिंग को मजूबत करने आये हैं. सहयोग की अपेक्षा है. किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी. डीजीपी के मीटिंग के बाद वहां मौजूद पुलिस पदाधिकारियों के चेहरे पर घबराहट साफ दिख रही थी.
डीजीपी ने पेच भी कसा और पुचकारा भी : डीजीपी ने निरीक्षण और मीटिंग के दौरान पुलिस पदाधिकारियों के पेच तो कसे ही, साथ में उसे पुचकारा भी. थोड़ी सख्ती दिखायी, थोड़ा प्यार.
कहा सचेत कर रहा हूं और सहयोग भी मांग रहा हूं. महकमे के लोगों ने भी सहयोग करने और बेहतर रिजल्ट देने का वादा किया. मीटिंग से बाहर निकलने के बाद मीडिया को बयान देकर डीजीपी ने कहा कि हमारा लक्ष्य यह है कि लोग सुरक्षित महसूस करें और यह बदलाव आठ दिनों के बाद से दिखने लगेगा.
