पटना में 28 जनवरी से होगी वार्ड पुलिसिंग की शुरुआत
पटना : शहर हो या ग्रामीण इलाका, पुलिस अब वार्ड पुलिसिंग के फाॅर्मूले पर काम करेगी. पटना और नालंदा जिले के शहर और ग्रामीण दोनों इलाकों में वार्ड पुलिसिंग की व्यवस्था 28 जनवरी से शुरू होने जा रही है. इसकी प्लानिंग डीआइजी राजेश कुमार ने तैयार की है और थानों को निर्देश भेज दिया है.
पुलिसिंग के लिए प्रत्येक वार्ड में एक पुलिस बूथ बनाया जायेगा और हर बूथ पर दो वार्ड पुलिसमैन की तैनाती रहेगी. वार्ड पुलिस मैन सिपाही और हवलदार रैंक के होंगे. इनको बुनियादी सुविधाओं से लैस किया जायेगा. वार्ड पुलिसमैन अपने वार्ड में पूरी तरह से सक्रिय रहेगा. वह अपराधिक गतिवधियों, एंटी सोशल एलीमेंट, किरायेदार, बाहरी लोगों की जानकारी इकट्ठा करेगा. प्रत्येक रविवार को थानेदार व 15 दिन पर डीएसपी वार्ड पुलिसमैन के कार्यों की समीक्षा करेंगे और ऊपर के अधिकारियों को रिपोर्ट करेंगे.
एक वार्ड में तैनात किये जाने वाले पुलिसमैन को एक साल तक एक ही वार्ड में रखा जायेगा. इस नयी व्यवस्था के माध्यम से पुलिसिंग को मजबूत करने और अंदर तक पैठ बनाकर क्राइम कंट्रोल करने के लिहाज से किया जा रहा है. डीआइजी राजेश कुमार का कहना है कि इससे बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा.
ऐसे काम करेंगे वार्ड पुलिसमैन
वार्ड पुलिसमैन के पास एक रजिस्टर, एक पिस्टल, लाठी और टॉर्च होगी.
वार्ड के किरायेदारों की सूची, बाहर से आकर ठहरे हुए लोगों की सूची, वारंटी, फरार अपराधियाें, असामाजिक तत्वों पर नजर रखेंगे और सूचना संकलन करेंगे.
वार्ड पुलिसमैन अपने वार्ड में पैदल, बाइक व साइकिल से गश्ती करेंगे. घटना को रोकने व उसमें कार्रवाई के लिए जिम्मेदार होंगे.
वार्ड पुलिसमैन वार्ड का फीडबैक थानेदार व डीएसपी को देगा. आवश्यकता अनुसार छापेमारी की जायेगी.
सप्ताह के प्रत्येक रविवार को थानाध्यक्ष वार्ड पुलिसमैन के साथ बैठक करेंगे, कार्यों की समीक्षा करेंगे और आवश्यक दिशा-निर्देश देंगे. इसके अलावा वार्डों के संबंध में फीडबैक डीएसपी, एसपी को दिया जायेगा.
15 दिन पर डीएसपी व एसपी समीक्षा बैठक करेंगे और डीआइजी को रिपोर्ट करेंगे.
वार्ड के सभी स्कूलों, बैंकों, एटीएम, पेट्रोल पंप, मार्केट, चौक-चौराहों, रेस्टोरेंट, लॉज, ऑटो स्टैंड, क्राइम स्पॉट की जानकारी रजिस्टर में दर्ज करेंगे.
थाने के अंतर्गत ये लोग कार्य करेंगे, पुलिसिंग से जुड़ी हर गतिविधियों में भागीदार व जिम्मेदार होंगे.
प्रत्येक वार्ड में एक पुलिस बूथ होगा, बूथ में पुलिस मैन तैनात रहेंगे और घूम-घूम कर वार्ड की गतिविधियों पर नजर रखेंगे.
