दीघा थाने में प्राथमिकी दर्ज, संचालक फरार
पटना : दीघा थाने के बाटागंज इलाके में रवींद्र प्रसाद के मकान में चल रहे प्रिंटिंग प्रेस में कई ब्रांडेड कंपनियों के रैपर व नकली उत्पाद बनाये जा रहे थे. इसका खुलासा उस समय हुआ जब ब्रांड प्रोटेक्शन सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के निदेशक मुस्तफा हुसैन की निशानदेही पर दीघा पुलिस ने छापेमारी की.
इस दौरान प्रिंटिंग प्रेस से हजारों की संख्या में मीराकुलन, फेम, फॉरच्यून कुकिंग ऑयल व नेरोलक पेंट उत्पाद का रैपर बरामद किया गया. इसके साथ ही टाटा गोल्ड व टाटा लीफ के पाउच भी काफी संख्या में जब्त किये गये. पुलिस ने रैपर बनाने में प्रयुक्त लाखों रुपये कीमत की मशीन को भी जब्त कर लिया है. इस संबंध में मुस्तफा हुसैन के बयान के आधार पर मकान सह प्रिंटिंग प्रेस के मालिक रवींद्र प्रसाद के खिलाफ जालसाजी का मामला दीघा थाने में दर्ज किया गया है.
हालांकि रवींद्र प्रसाद फरार होने में सफल रहा. दीघा थानाध्यक्ष रघुनाथ प्रसाद ने बताया कि फिलहाल इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हो पायी है. सामान व रैपर बरामद किया गया है. विदित हो कि 22 जनवरी को भी मालसलामी इलाके में पुलिस ने छापेमारी की थी और फॉरच्यून रिफाइन के नकली उत्पाद, रैपर आदि की बरामदगी की गयी थी.
कई दिनों से चल रहा था गोरखधंधा
जानकारी के अनुसार दीघा के बाटागंज में रवींद्र प्रसाद के घर में काफी दिनों से यह धंधा चल रहा था. बताया जाता है कि वह रैपर को पटना सिटी के कई दुकानदारों को सप्लाइ करता था. रवींद्र के पकड़े जाने के बाद कई और जगहों पर नकली उत्पादों के तैयार किये जाने वाले कारखाने की जानकारी मिल सकती है. जानकारी के अनुसार पटना में नकली उत्पादों का कारोबार करोड़ों में है. रैपर बनाने के साथ ही पैकिंग करने की भी व्यवस्था इन जालसाजों के पास है.
