पटना : राज्य स्वास्थ्य समिति ने स्वास्थ्य सेवाओं को बाधित करनेवाली आशा (मान्यताप्राप्त सामाजिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता) और आशा फैसिलिटेटर पर कठोर कार्रवाई करने का निर्देश सभी डीएम को दिया है. समिति के कार्यपालक निदेशक लोकेश कुमार सिंह ने डीएम को भेजे पत्र में साफ कहा है कि स्वास्थ्य सेवाओं को बाधित करनेवाली आशा को चिह्नित कर उनको कार्य से मुक्त कर दिया जाये.
साथ ही रिक्त स्थानों पर नयी आशा का चयन किया जाये. उन्होंने यह भी निर्देश दिया है कि डीएम द्वारा की गयी कार्रवाइयों की प्रतिदिन की रिपोर्ट उन्हें भी भेजी जाये. मालूम हो कि राज्य भर में आशा पहली दिसंबर, 2018 से अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं. राज्य स्वास्थ्य समिति को प्राप्त सूचना के अनुसार हड़ताल के दौरान आशा व आशा फैसिलिटेटर द्वारा एंबुलेंस का परिचालन, नियमित टीकाकरण, ओपीडी सेवाओं, संस्थागत प्रसव और आवश्यक सेवाओं को बलपूर्वक बाधित किया जा रहा है. इसी के मद्देनजर समिति ने सभी डीएम को कठोर कदम उठाने को कहा है.
