जमीन के टुकड़े के लिए सहोदर छोटे भाई ने दिया जघन्य वारदात को अंजाम
बिहटा : थाना क्षेत्र के इंटवा-दोघड़ा गांव में मंगलवार को पुश्तैनी जमीन के बंटवारे के विवाद में छोटे भाई ने बड़े भाई व भाभी की हत्या कर लाश को टुकड़ों में काट डाला.
इस जघन्य कृत्य की सूचना फैलते ही क्षेत्र में सनसनी फैल गयी. हत्या की सूचना पर दानापुर एएसपी पहुंचे और जांच में जुट गये हैं. बताया जाता है कि दोनों भाइयों में बंटवारे को लेकर काफी तल्खी थी.
मंगलवार को दिन के करीब 11 बजे बड़ा भाई रामबाबू यादव (60), उसकी पत्नी शारदा देवी (55) व पुत्र विकास कुमार व जीतू कुमार ट्रैक्टर लेकर खेत मे बुआई को पहुंचे थे. अचानक छोटा भाई लखन यादव अपने आधा दर्जन समर्थकों के आया और खेत जोत रहे बड़े भाई रामबाबू यादव पर गोलियों की बौछार कर दी. गोली लगने के बाद ट्रैक्टर से लुढ़क कर गिरे रामबाबू यादव को तलवार व फरसा से काट डाला.
अचानक हुए इस हमले से डरकर रामबाबू यादव की पत्नी शारदा देवी शोर मचाते हुए गांव की तरफ भागने लगी, तभी लखन यादव और उसके समर्थकों ने उसकी भी गोली मार कर उसकी हत्या कर दी और तलवार व फरसे से काट दिया.
माता-पिता की निर्मम हत्या होते देख पुत्र विकास और जीतू शोर करते हुए गांव के तरफ भाग कर किसी तरह अपनी जान बचायी. घटना की सूचना पर दानापुर एएसपी अशोक मिश्रा ने दलबल के साथ पहुंच मृतक के पुत्रों को अपने सुरक्षा में ले मामले की जांच में जुटे हैं. पुलिस ट्रैक्टर व शवों को कब्जे में ले घटना स्थल से हत्या में प्रयुक्त फरसा, खून से लथपथ ट्रैक्टर, तलवार की खोल व खोखा आदि को बरामद किया है.
– मृतक के पिता को गिरफ्तार कर पूछताछ जारी
वहीं, गुप्त सूचना पर पुलिस ने हत्या के अभियुक्त सह मृतक के पिता दसई यादव को गिरफ्तार कर पूछताछ कर रही है और अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी में जुटी है. इस संबंध में मृतक के पुत्र ने करीब एक दर्जन लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करवाया है. दानापुर एएसपी अशोक मिश्रा ने बताया कि दोनों भाइयों में काफी दिनों से बंटवारे को लेकर विवाद चल रहा था.
धृतराष्ट्र बने बाप ने अपने आशियाने को उजाड़ा
बिहटा : बाबा अगर चाचा के लिए अंधे नहीं बनते तो मेरे माता-पिता की जान नही जाती. ये बात कहते-कहते दहाड़ मारकर रोने लग रहा था विकास. विकास का कहना था कि सारा दोष मेरे बाबा दसई यादव का है.
अगर दादी जिंदा रहती तो आज यह घटना नहीं होती. उसने कहा कि कुल छह बीघा जमीन में मेरे दादा-दादी 15-15 कट्ठा खेती लायक बढ़िया जमीन मेरे पिता और चाचा को दिये थे. दादी बोली थी कि मेरे मरने के बाद कुल जमीन मेरे दोनों बेटों में आधा-आधा बांट देना. दादी के मृत्यु हुए लगभग 10 साल हो गये, लेकिन मेरे दादा ने जमीन का बंटवारा नहीं किया.
मेरे चाचा की नियत हमारे हिस्से की 15 कट्ठा जमीन पर खराब थी. वो हमेशा मेरे पिता जी को कहते थे कि ये जमीन हमको दे दो. मेरे पिता ने जब उनकी बात नहीं मानी तो आज उन्होंने इतना जघन्य कृत्य कर डाला. घटना से आहत विकास और उसके छोटे भाई की हालत देख सभी दुखी थे.
वहीं घर पर मात्र नौ महीने पहले ब्याह कर आयी विकास की पत्नी सपना कुमारी व छोटा भाई जितु कुमार (10 वर्ष) का हाल भी बेहाल था. विदित हो कि नौ माह पूर्व रामबाबू यादव ने बड़े ही धूमधाम से अपने पुत्र विकास कुमार (24 वर्ष) की शादी दौलतपुर निवासी ददन प्रसाद की पुत्री सपना कुमारी के साथ की थी.
