पटना : 454 दुग्ध उत्पादक समिति, अाठ स्वावलंबी सहकारी समिति व तीन पैक्स में चुनाव की तैयारी बिहार राज्य निर्वाचन प्राधिकार ने शुरू कर दी है.इसके लिए संबंधित जिलाधिकारियों को 30 अगस्त तक मतदाता सूची तैयार कर लेने का निर्देश दिया गया है. प्राधिकार के मुख्य चुनाव पदाधिकारी गिरीश शंकर ने बताया कि चुनाव को लेकर कार्यक्रम निर्धारित कर 27 जिलों के जिलाधिकारी-सह-जिला निर्वाचन पदाधिकारी को भेज दिया गया है. संबंधित प्रखंड विकास पदाधिकारी या अंचलाधिकारी इसके निर्वाची पदाधिकारी बनाये जायेंगे.
चुनाव को लेकर कार्यक्रम निर्धारित
दुग्ध उत्पादक समूह इनसे जुड़ी समितियों की संख्या
मिथिला दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लि. 81
देशरत्न डॉ आर पी दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ 150
तिरहुत दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लि. 70
शाहाबाद दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लि. 89
वैशाली पाटलिपुत्र दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लि. 50
मगध दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लि. 08
कोसी दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लि. 06
आठ प्रखंडों में स्वावलंबी सहकारी समितियों के होंगे चुनाव
स्वावलंबी सहकारी समितियों के चुनाव पांच जिलों के आठ प्रखंडों में निर्धारित किये गये हैं. प्राधिकार के मुताबिक सीवान जिले के गोरैयाकोठी व जीरादेई, पूर्वी चंपारण के मधुबनी व कोटवा, दरभंगा के सदर, भागलपुर के जगदीशपुर व कहलगांव तथा वैशाली के हाजीपुर में संबंधित स्वावलंबी सहकारी संघ के चुनाव कराये जायेंगे.
इन पैक्स में होंगे चुनाव : प्राधिकार ने तीन पैक्स में भी चुनाव कराये जाने की घोषणा की है. यह चुनाव औरंगाबाद जिले के रफीगंज प्रखंड अंतर्गत रफीगंज नगर पंचायत, भोजपुर जिले के शाहपुर प्रखंड अंतर्गत शाहपुर नगर पंचायत पैक्स और मुंगेर जिले के जमालपुर प्रखंड अंतर्गत परहम पैक्स में कराया जाना है. 30 अगस्त तक सूची बनेगी.
दुग्ध उत्पादक समितियां 13 तक सौंपें सदस्यता सूची
प्राधिकार ने दुग्ध उत्पादक समितियों को 13 अगस्त तक निर्धारित प्रपत्र में सदस्यता सूची संबंधित दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ के एमडी को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है. 30 जून 2018 तक सदस्यता ग्रहण कर चुके सदस्य ही मतदाता सूची में सम्मिलित माने जायेंगे. दुग्ध संघ उस मतदाता सूची का सत्यापन कर उसे 16 अगस्त तक संबंधित निर्वाची पदाधिकारी को उपलब्ध करायेगा. 18 अगस्त को मतदाता सूची का प्रारूप निर्धारित स्थलों पर प्रकाशित कराया जायेगा, जिस पर 28 अगस्त तक दावा-आपत्तियां ली जायेंगी.
