पटना : बिहार में प्रारंभिक शिक्षक मूल्यांकन (दक्षता) परीक्षा में फेल होने के कारण हटाये गये नियोजित शिक्षकों को सेवा में वापस लिया जायेगा. छह माह के विशेष प्रशिक्षण के बाद उनके लिए अलग से दक्षता परीक्षा ली जायेगी. हालांकि, जितने दिन वे सेवा से अलग रहे, उतने दिनों का वेतन उन्हें नहीं मिलेगा. शुक्रवार को शिक्षा विभाग केे विशेष सचिव विनोद कुमार सिंह ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश के आलोक में यह आदेश जारी कर दिया.
दक्षता परीक्षा में तीन बार फेल होने वाले शिक्षकों को हटाने का प्रावधान है. बिहार में करीब 2700 शिक्षक दो बार इस परीक्षा में फेल हो गये थे. वहीं करीब डेढ़ हजार शिक्षक तीन बार इस परीक्षा में फेल हो गये थे. इसके बाद विभाग ने इनकी सेवाएं समाप्त कर दी थीं. हटाये गये नियोजित शिक्षक इस मामले में सुप्रीम कोर्ट तक गये. सुप्रीम कोर्ट ने गत 31 अक्तूबर को शिक्षकों के पक्ष में फैसला दिया. इसके बाद से ये शिक्षक अपनी पुनर्बहाली का इंतजार कर रहे थे.
