Kidnapping Case Conviction: मुजफ्फरपुर जिले की विशेष पॉक्सो कोर्ट संख्या-तीन की न्यायाधीश नूर सुल्ताना की अदालत ने साढ़े तीन वर्ष पुराने एक चर्चित अपहरण कांड में अपना सख्त फैसला सुनाया है. अदालत ने मोतीपुर थाना क्षेत्र से 11 वर्षीय नाबालिग किशोरी का अपहरण करने के मामले में आरोपित कुंदन कुमार (निवासी कल्याणपुर हरौना) को दोषी पाते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है. इसके साथ ही दोषी पर 20 हजार रुपये का आर्थिक जुर्माना भी लगाया गया है. जुर्माना राशि का भुगतान नहीं करने पर दोषी को तीन महीने की अतिरिक्त जेल काटनी होगी.
शादी की नीयत से बहला-फुसलाकर किया था अगवा
पीड़िता के पिता ने 24 मार्च 2023 को मोतीपुर थाने में इस संबंध में लिखित शिकायत देकर प्राथमिकी दर्ज कराई थी. प्राथमिकी के अनुसार घटना से जुड़े मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:
- नाबालिग का अपहरण: आरोपित कुंदन कुमार ने अपनी मां और अन्य परिजनों के साथ मिलकर 11 वर्षीय किशोरी को शादी करने की नीयत से बहला-फुसलाकर अगवा कर लिया था.
- नामजद प्राथमिकी: मामले में पीड़िता के पिता ने कुंदन कुमार सहित कुल आठ लोगों को नामजद आरोपित बनाया था.
- अपराध में सहयोग: अन्य आरोपितों पर नाबालिग को छिपाने और अपहरण के षड्यंत्र में सक्रिय रूप से सहयोग करने का आरोप था.
अदालत में गवाहों और साक्ष्यों के आधार पर सजा
मामले की सुनवाई के दौरान विशेष लोक अभियोजक राजीव रंजन राजू ने अदालत के समक्ष घटना से जुड़े महत्वपूर्ण साक्ष्य और गवाहों को प्रस्तुत किया. अभियोजन पक्ष के सहयोग में अधिवक्ता मिकी ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने और पेश किए गए पुख्ता सबूतों के आधार पर कुंदन कुमार को दोषी ठहराते हुए यह सजा मुकर्रर की.
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