पर्यटन-निर्माण क्षेत्र का खाका खींचेगा एनएसओ सर्वे, पर्यटन पर होने वाले खर्च का होगा आकलन

The cost of tourism will be estimated

::: मुजफ्फरपुर में अधिकारियों को मिल रहा तीन दिवसीय विशेष प्रशिक्षण, दरभंगा, पूर्णिया व मोतिहारी रेंज तक के अधिकारी शामिल

वरीय संवाददाता, मुजफ्फरपुर

देश में पर्यटन और निर्माण (कंस्ट्रक्शन) क्षेत्र की वर्तमान स्थिति का आकलन करने और भविष्य की योजनाओं के निर्माण हेतु सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) द्वारा जुलाई 2025 से जून 2026 तक राष्ट्रव्यापी सर्वेक्षण होगा. इसको लेकर प्रशासनिक स्तर पर प्रशिक्षण का कार्य शुरू हो गया है. शहर के एक होटल में इस कार्य को करने वाले अधिकारी व कर्मियों को प्रशिक्षित किया जा रहा है. निदेशक अमित वर्मा की अध्यक्षता में आयोजित इस शिविर में अधिकारियों और कर्मचारियों को आगामी सर्वेक्षणों के लिए गहन प्रशिक्षण दिया जा रहा है. इसमें प्रमुख रूप से तीन महत्वपूर्ण घरेलू पर्यटन व्यय सर्वे, राष्ट्रीय घरेलू यात्रा सर्वे और निर्माण (कंस्ट्रक्शन) सर्वे शामिल है. इन्हीं तीनों आयामों के विभिन्न पहलुओं पर सर्वे के दौरान विस्तृत जानकारी प्राप्त कर डाटा तैयार की जायेगी. यह प्रशिक्षण कार्यक्रम सुनिश्चित करेगा कि देश भर में एकत्र किये जाने वाले आंकड़े सटीक और विश्वसनीय हों, जो नीति निर्माताओं को इन महत्वपूर्ण क्षेत्रों के विकास के लिए प्रभावी योजनाएं बनाने में मदद करेंगे. पर्यटन और निर्माण, दोनों ही देश की अर्थव्यवस्था के लिए रीढ़ की हड्डी के समान हैं और इन क्षेत्रों की सही तस्वीर सामने आने से विकास को नई गति मिलेगी. इस महत्वपूर्ण प्रशिक्षण शिविर में सहायक निदेशक आरके मिश्रा एवं वरिष्ठ सांख्यिकीय अधिकारी दिलीप कुमार, राजीव रंजन सिंह, बिनय सुमुख, आशीष पांडे, गोपाल शंकर, पुष्कर कुमार, श्यामनंदन सिंह और शशांक रंजन सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे. इसके अतिरिक्त, उप-क्षेत्रीय कार्यालयों दरभंगा, मोतिहारी और पूर्णिया के अधिकारी/कर्मचारी भी इस प्रशिक्षण में भाग ले रहे हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में सर्वेक्षण कार्य सुचारू रूप से संपन्न हो सके.

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Published by: Devesh kumar

पत्रकारिता के क्षेत्र में देवेश को 17 वर्षों का अनुभव है. उच्च शिक्षा, जमीन रजिस्ट्री, नगर निगम की कार्यप्रणाली और स्मार्ट सिटी विकास जैसे विषयों पर इनका विशेष लेखन है. राजनीतिक और सामाजिक समसामयिक मुद्दों के साथ-साथ खोजी पत्रकारिता और ब्रेकिंग न्यूज कवरेज में ये सक्रिय हैं. तथ्यपरक, प्रभावी और जन सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग इनकी प्रमुख पहचान है.

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