मुजफ्फरपुर से आनंद विहार चलने वाली ट्रेन में चलता है अवैध खेल, ऊपर पहुंची शिकायत, एक्शन का इंतजार

Muzaffarpur to Anand Vihar Saptkranti Express: रेलवे में अवैध कमायी का एक नया तरीका सामने आया है, जहां मुजफ्फरपुर से आनंद विहार जाने वाली गाड़ी 12557 सप्तक्रांति एक्सप्रेस के एसी कोचों में यात्री फर्श पर तकिया और कंबल के साथ सोते हुए यात्रा कर रहे हैं. यह चौंकाने वाला मामला तब सामने आया जब इस ट्रेन में यात्रा कर रहे कुछ यात्रियों ने इसकी शिकायत की.

Muzaffarpur to Anand Vihar Saptkranti Express: सप्तक्रांति एक्सप्रेस में रेल स्टाफ यात्रियों से जमीन पर यात्रा करा रहे है. इस गतिविधि के कारण वैध टिकट धारक यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. अधिकारियों को जो वीडियो शेयर किया गया, उसमें एसी कोच के के भीतर खाली जगहें फर्श पर सो रहे यात्रियों से भरी पड़ी हैं, जिससे यात्रियों का आवागमन मुश्किल हो गया है. साथ ही, इससे कोच में गंदगी भी फैल रही है और सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं.

ट्रेन के बी-3 को लेकर शिकायत

रेलवे के अधिकारियों के साथ रेलमदद से शिकायत की गयी. जिसमें इस ट्रेन के बी-3 थर्ड एसी डिब्बों में बीते सोमवार को कई लोग सफर कर रहे थे, जिनके पास आरक्षित सीट नहीं था. ये लोग या तो रेलवे स्टाफ हैं या फिर दलालों के माध्यम से यात्रा कर रहे थे. जिन्होंने कोच अटेंडेंट या अन्य रेलवे कर्मचारियों से सांठगांठ की. इन यात्रियों को एसी कोचों में फर्श पर तकिया और कंबल उपलब्ध कराए जा रहे है. जिससे वे आराम से सोकर यात्रा कर सकें.

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सोनपुर व मुरादाबाद डीआरएम ने दिए जांच के आदेश

यह गंभीर मामला रेलवे के उच्च अधिकारियों तक पहुंच गया है. मुरादाबाद और सोनपुर मंडल के डीआरएम (मंडल रेल प्रबंधक) ने इस पूरे मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं. इस घटना ने अवैध गतिविधियों पर फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं, जिन पर लगाम लगाने की सख्त आवश्यकता है, ताकि आम यात्रियों को निर्बाध और सुरक्षित यात्रा का अनुभव मिल सके. जांच के बाद दोषी पाए जाने वाले कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही गयी है.

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Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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