मुजफ्फरपुर के कांटी से मनोज कुमार मिश्र की रिपोर्ट
Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर जिला के नगर परिषद कांटी स्थित साहित्य भवन में शुक्रवार को नूतन साहित्यकार परिषद के तत्वावधान में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम की अध्यक्षता परिषद के अध्यक्ष चंद्रभूषण सिंह चंद्र ने की. इस खास मौके पर मौजूद साहित्यकारों और सदस्यों ने न केवल पर्यावरण संरक्षण पर चर्चा की, बल्कि परिषद के अध्यक्ष चंद्रभूषण सिंह चंद्र का जन्मदिन भी धूमधाम से मनाया. इस दौरान सभी सदस्यों ने मिलकर पौधारोपण किया और प्रकृति की रक्षा करने का सामूहिक संकल्प लिया.
पर्यावरण की सुरक्षा केवल सरकार की नहीं, हर नागरिक का नैतिक कर्तव्य
अपने अध्यक्षीय संबोधन में चंद्रभूषण सिंह चंद्र ने पर्यावरण संरक्षण की महत्ता पर विशेष जोर दिया. उन्होंने कहा कि पर्यावरण की सुरक्षा केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक का नैतिक कर्तव्य है. जिस धरती माता की गोद में संपूर्ण मानवता का लालन-पालन होता है, उसके संरक्षण की जवाबदेही भी हरेक व्यक्ति की है. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि बढ़ता प्रदूषण, वनों की अंधाधुंध कटाई और जलवायु परिवर्तन आज पूरी दुनिया के सामने सबसे गंभीर चुनौती बनकर खड़ीहै. अगर हमें पर्यावरण को बचाना है, तो ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने होंगे और जल संरक्षण को अपनी दिनचर्या में अपनाना होगा. अब हमें प्रकृति की ओर वापस लौटना ही होगा.
आने वाली पीढ़ियों के लिए यादगार दिनों पर जरूर लगाएं पौधे
कार्यक्रम में मौजूद स्वराजलाल ठाकुर ने भी लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि आने वाली पीढ़ियों के लिए एक हरित और सुरक्षित पर्यावरण बनाने में हर व्यक्ति को अपना योगदान देना चाहिए. कार्यक्रम में मौजूद अन्य वक्ताओं ने अपील की कि हरेक व्यक्ति को अपने जन्मदिन या जीवन के अन्य महत्वपूर्ण और यादगार दिनों को विशेष बनाने के लिए कम से कम एक पौधा अवश्य लगाना चाहिए.
कार्यक्रम में कई साहित्य प्रेमी और गणमान्य रहे मौजूद
इस गरिमामयी अवसर पर पर्यावरण और प्रकृति के प्रति अपनी एकजुटता दिखाने के लिए कई गणमान्य लोग मौजूद रहे. इनमें सेवानिवृत्त डीडीओ परशुराम सिंह, पिनाकी झा, रामेश्वर महतो, राकेश कुमार और रजनीश कुमार आदि प्रमुख थे, जिन्होंने पर्यावरण संरक्षण को लेकर अपने-अपने विचार व्यक्त किए.
