Muzaffarpur News: जिला अंतर्गत कांटी थाना क्षेत्र के दरभंगा मोड़ के समीप राजस्व आसूचना निदेशालय (DRI) की टीम ने एक बड़ी और चौंकाने वाली कार्रवाई को अंजाम दिया है. गुप्त सूचना के आधार पर मादक पदार्थ (ड्रग्स) की बड़ी खेप पकड़ने उतरी डीआरआई की टीम उस समय हैरान रह गई, जब तलाशी के दौरान बस से नशीले पाउडर की जगह भारी मात्रा में विदेशी शराब बरामद हुआ. टीम ने मौके से एक शातिर अंतरराज्यीय शराब धंधेबाज को धर दबोचा है. गिरफ्तार आरोपित की पहचान पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) जिले के कुंडवा चैनपुर थाना क्षेत्र निवासी प्रेम जायसवाल के रूप में की गई है. पूछताछ के बाद डीआरआई ने आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए आरोपित और बरामद शराब को उत्पाद विभाग (Excise Department) को सौंप दिया है.
बोरी में छिपाकर लाई जा रही थी शराब
आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, डीआरआई की मुजफ्फरपुर इकाई को एक कड़ा इनपुट मिला था कि असम के गुवाहाटी से आ रही एक अंतरराज्यीय यात्री बस से भारी मात्रा में कीमती मादक पदार्थ बिहार लाया जा रहा है. इस गंभीर सूचना के आधार पर डीआरआई के अधिकारियों ने कांटी थाना क्षेत्र के दरभंगा मोड़ के पास तड़के ही घेराबंदी कर जाल बिछा दिया.
बोरियां खुलीं तो दंग रह गए अफसर
बस के भीतर एक संदिग्ध यात्री की पहचान कर जब उसके पास रखीं साधारण बोरियों को खोला गया, तो अधिकारी चौंक गए. बोरी के भीतर कोई प्रतिबंधित मादक पदार्थ तो नहीं मिला, लेकिन उसके अंदर करीने से छिपाकर रखी गईं विदेशी शराब की बोतलें बरामद हुईं. पूरी बस और सामान की गिनती करने पर कुल 108 बोतल प्रीमियम ब्रांड की विदेशी शराब पाई गई, जिसे तुरंत जब्त कर लिया गया.
डीआरआई की पूछताछ में बड़ा खुलासा
डीआरआई की कड़ाई से की गई शुरुआती पूछताछ में गिरफ्तार धंधेबाज प्रेम जायसवाल ने अपना जुर्म कबूल कर लिया. उसने स्वीकार किया कि वह असम से बेहद कम दामों पर इस प्रीमियम शराब को खरीदकर लाया था. उसकी योजना इस विदेशी खेप को ऊंचे और मनमाने दामों पर मुजफ्फरपुर और मोतिहारी के स्थानीय इलाकों में गुपचुप तरीके से खपाने की थी.
सिंडिकेट को खंगालने में जुटा उत्पाद विभाग
पुलिस, मद्यनिषेध विभाग और हाईवे पर तैनात उत्पाद विभाग की चेकपोस्ट से बचने के लिए उसने शातिराना दिमाग लगाते हुए शराब की बोतलों को साधारण जूट की बोरियों में पैक किया था, ताकि देखने वाले को लगे कि इसमें कोई घरेलू सामान या अनाज है. उत्पाद विभाग की विशेष टीम अब इस बात का बारीकी से पता लगा रही है कि इस अंतरराज्यीय सिंडिकेट में असम और पश्चिम बंगाल के और कौन-कौन से बड़े माफिया शामिल हैं. मामले को लेकर मद्यनिषेध कानून की गंभीर धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर आरोपित प्रेम जायसवाल को न्यायिक हिरासत में जेल भेजने की कवायद पूरी की जा रही है.
