Muzaffarpur News: जिले में साइबर अपराध का एक बेहद संवेदनशील मामला सामने आया है. साइबर ठगों ने एक ऐसी लाचार महिला को अपना निशाना बनाया, जिसने हाल ही में अपने पति की जान बचाने के लिए अपनी एक किडनी दान की थी. अपराधियों ने महिला के बैंक खाते में सेंध लगाकर करीब 6 लाख रुपये उड़ा लिए. यह रकम महिला ने पाई-पाई जोड़कर अपनी बेटी की आगामी शादी के लिए बरसों से जमा कर रखी थी.
सिम ब्लॉक कराकर खाते से 12 बार में उड़ाई रकम
गायघाट की रहने वाली पीड़िता रीना देवी ने बताया कि वह हाल ही में चंडीगढ़ गई थीं, जहां उन्होंने अपने बीमार पति संजय सहनी को अपनी किडनी डोनेट की थी. पूरा परिवार अभी इस बड़े स्वास्थ्य संकट और आर्थिक तंगी से उबर भी नहीं पाया था कि साइबर अपराधियों ने उन्हें जाल में फंसा लिया. ठगों ने सबसे पहले 26 अप्रैल को रीना देवी का मोबाइल सिम कार्ड ब्लॉक करवा दिया. जब उन्होंने सिम दोबारा चालू कराया, तो उसे फिर से बंद कर दिया गया. इसी बीच जारंग स्थित सेंट्रल बैंक की शाखा से 30 अप्रैल से 6 मई के बीच 12 बार में 49,980-49,980 रुपये करके कुल 6 लाख रुपये खाते से साफ कर दिए गए.
बेटी की शादी के लिए रखी थी पाई-पाई, साइबर थाना में केस दर्ज
रीना देवी को इस महाठगी की भनक तब लगी, जब वह 14 मई को एटीएम पहुंचीं और फिर 15 मई को बैंक जाकर पासबुक अपडेट कराई. खाते का बैलेंस शून्य देखकर पूरे परिवार के पैरों तले जमीन खिसक गई. पीड़िता ने रोते हुए बताया कि अगले दो-तीन महीनों में बेटी की शादी होनी थी. घटना के बाद से परिवार गहरे सदमे में है. शिकायत मिलने के बाद मुजफ्फरपुर साइबर थाना की पुलिस तुरंत एक्शन में आ गई है. साइबर थाना डीएसपी के निर्देश पर इंस्पेक्टर देवेंद्र कुमार मामले की जांच में जुटे हैं और बैंक स्टेटमेंट के जरिए ठगों के सुराग तलाशे जा रहे हैं.
मुजफ्फरपुर से चंदन सिंह की रिपोर्ट
