विलुप्त प्रजातियों को वापस लायेगी जैव विविधता प्रबंधन समिति

विलुप्त प्रजातियों को वापस लायेगी जैव विविधता प्रबंधन समिति

-समितियों का सम्मेलन वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के जरिये करेंगे मंत्री मुजफ्फरपुर. सूबे के सभी निकायों, क्षेत्र एवं ग्राम पंचायत स्तर पर जैव विविधता प्रबंधन समिति का गठन किया जाएगा. समिति जैव संपदा को संरक्षित करने में सहायता करेगी. इसके लिए 25 जून को पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के मंत्री जिला स्तर पर जैव विविधता प्रबंध समितियों का सम्मेलन वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के जरिये करेंगे. क्षेत्रीय मुख्य वन संरक्षक अभय कुमार द्विवेदी ने रविवार को संवाददाता सम्मेलन में ये बातें कहीं. उन्होंने कहा कि इसके लिए ग्राम पंचायत स्तर पर तैयार कराई जाने वाली इस सूची में जैव संसाधनों में फलदार पौधे, चारा की फसलें, खर-पतवार, फसल वाले पौधे, फसलों के हानिकारक कीट, फलदार वृक्ष, औषधीय पौधे, जंगली वृक्ष, झाड़ियां, कंद, घास, लताएं, जलीय पौधे, जंगली जलीय पौधे, शोभादार पौधे, लकड़ी वाले वृक्ष, पालतू जानवर, मछलियां, वन्य औषधीय पौधे, जंगली फसलें, जंगली शोभाकार पौधे, चबाने व धुआं करने वाले पौधे, जंगली लकड़ी वाले वृक्ष, वन्य जीव की प्रजातियां जिसमें स्तनधारी, चिड़िया, सरीसृप आदि शामिल किए जाएंगे. इसमें में कुल 8058 ग्राम पंचायतें, 534 प्रखंड व 38 जिला व 35 नगर निकायों में जैव विविधता प्रंध समिति का गठन कराया जायेगा. कहा कि ये सभी कहीं न कहीं मानव जीवन के लिए लाभप्रद या फिर हानिप्रद होते हैं. अब इन सभी किस्मों के जैव संसाधनों की सूची तैयार करवाने के बाद इसे फिर से लाने की कोशिश करेगा.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar news desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >