मुजफ्फरपुर में शुरू हुआ उत्तर बिहार का पहला ऑटोमेटेड फिटनेस सेंटर: अब मशीनों से होगी गाड़ी की पूरी जांच, देखें प्रक्रिया

उत्तर बिहार में सड़क सुरक्षा को बढ़ावा देने के लिए मुजफ्फरपुर में पहला ऑटोमेटेड व्हीकल फिटनेस सेंटर शुरू हो गया है. यह केंद्र वाहनों की तकनीकी जांच पूरी तरह से मशीनों द्वारा करेगा, जिससे पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित होगी.

Muzaffarpur Transport News: राज्य में सड़क परिवहन व्यवस्था को अधिक सुरक्षित, सुदृढ़ और पारदर्शी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है. शहर के शेरपुर स्थित आईओसीएल बॉटलिंग प्लांट के सामने स्थापित उत्तर बिहार के पहले अत्याधुनिक 'ऑटोमेटेड व्हीकल फिटनेस सेंटर' (Automated Vehicle Testing Station) का परिचालन अब पूरी तरह से लाइव हो गया है. भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय तथा बिहार सरकार के परिवहन विभाग द्वारा अधिकृत एजेंसी मेसर्स उदयशंकर प्रसाद सिंह द्वारा संचालित यह केंद्र वाहनों की तकनीकी व यांत्रिक जांच के लिए पूरी तरह समर्पित है.

बिना मानवीय हस्तक्षेप के होगी शत-प्रतिशत निष्पक्ष जांच

इस अत्याधुनिक केंद्र की शुरुआत होने से अब व्यावसायिक एवं निजी वाहन स्वामियों को बिचौलियों और मानवीय दखल से पूरी तरह मुक्ति मिलेगी. केंद्र में फिटनेस जांच की पूरी प्रक्रिया शत-प्रतिशत निष्पक्ष, पारदर्शी और वैज्ञानिक तरीके से स्वचालित कंप्यूटर प्रणाली द्वारा पूरी की जा रही है. इससे न केवल वाहनों की वास्तविक तकनीकी स्थिति का सटीक पता चलेगा, बल्कि अनफिट वाहनों के कारण सड़कों पर होने वाली दुर्घटनाओं में भी उल्लेखनीय कमी लाई जा सकेगी.

ऑटोमेटेड व्हीकल फिटनेस सेंटर की प्रमुख विशेषताएं

  • पूर्णतः स्वचालित टेस्टिंग लेन: केंद्र में बिना किसी मानवीय हस्तक्षेप के आधुनिक मशीनों और स्वचालित रोलर बेड की मदद से वाहन के ब्रेक की दक्षता (Brake Efficiency), सस्पेंशन सिस्टम, साइड-स्लिप और स्टीयरिंग की सटीक और त्वरित जांच की जाती है.
  • डिजिटल उत्सर्जन एवं लाइट परीक्षण: पर्यावरण संरक्षण और दृश्यता सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए केंद्र में अत्याधुनिक स्वचालित स्मोक मीटर स्थापित किए गए हैं. इसके अलावा, डिजिटल हेडलाइट अलाइनर द्वारा वाहन से निकलने वाले प्रदूषण स्तर और हेडलाइट की बीम व रोशनी की तीव्रता का सटीक डिजिटल परीक्षण सुनिश्चित किया जा रहा है.

वाहन स्वामियों को मिलेगी तुरंत डिजिटल रिपोर्ट

केंद्र प्रबंधन के अनुसार, जांच प्रक्रिया पूरी होते ही कंप्यूटर द्वारा स्वतः जांच रिपोर्ट जनरेट कर दी जाती है, जिससे वाहन स्वामियों को अनावश्यक इंतजार नहीं करना पड़ता है. पूरी प्रणाली के ऑनलाइन सर्वर से जुड़े होने के कारण जांच रिपोर्ट में किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ की कोई गुंजाइश नहीं है. इस आधुनिक व्यवस्था के शुरू होने से मुजफ्फरपुर सहित समूचे उत्तर बिहार के वाहन स्वामियों को अब हाई-टेक फिटनेस जांच की सुविधा अपने ही क्षेत्र में सुलभ हो गई है.


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By प्रभात कुमार

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