पशु संरक्षण मुजफ्फरपुर: सार्वजनिक सड़कों पर सड़क हादसों के शिकार हो रहे बेजुबान मूक पशुओं की सुरक्षा और समाज में उनके प्रति संवेदना जगाने के लिए बिहार परिवहन विभाग ने अनूठी पहल शुरू की है. मुजफ्फरपुर सहित तिरहुत प्रमंडल के सभी जिलों में चलने वाले सार्वजनिक परिवहन वाहनों जैसे बस, ऑटो, कैब और टैक्सियों पर अब "पशुओं के प्रति दयालु बनें" अथवा "Be Kind to Animals" जैसे प्रेरक संदेश अनिवार्य रूप से लिखे नजर आएंगे. इसका मुख्य उद्देश्य सड़कों पर पशुओं के साथ होने वाली क्रूरता, उपेक्षा और दुर्घटनाओं को रोकना है ताकि पर्यावरण और प्रकृति का संतुलन बना रहे.
केंद्रीय मंत्रालय और आरटीए का कड़ा निर्देश
क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार (आरटीए) मुजफ्फरपुर के संयुक्त आयुक्त-सह-सचिव ने प्रमंडल के सभी जिला परिवहन पदाधिकारियों (डीटीओ) को पत्र भेजकर इस योजना को प्राथमिकता के आधार पर धरातल पर उतारने का निर्देश दिया है. यह कदम केंद्रीय सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्रालय (मॉर्थ) और राज्य परिवहन विभाग के निर्देशों के तहत उठाया गया है. डीटीओ प्रियंका सिन्हा ने बताया कि सभी वाहन संघों को सूचित किया जा रहा है और वाहन स्वामियों को इसे लागू करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है.
मानक और तकनीकी नियम:
- संदेश का आकार: वाहनों पर लिखे जाने वाले अक्षरों की न्यूनतम ऊंचाई कम से कम 150 मिमी (15 सेमी) होनी चाहिए.
- दिशानिर्देश: दूर से स्पष्ट दिखने के लिए गाड़ी के रंग के अनुसार विपरीत (कंट्रास्ट) रंग के पेंट या उच्च गुणवत्ता वाले स्टिकर का उपयोग करना होगा.
- दायरा: यह नियम सभी निजी व वाणिज्यिक बसों, मिनी बसों, ऑटो, टैक्सियों और सरकारी उपयोग में आने वाले वाहनों पर भी लागू होगा.
संविधान के मूल कर्तव्यों से जुड़ी है पहल
पटना के विधि अध्येता समदर्शी द्वारा ई-कंप्लायंस पोर्टल पर दर्ज कराई गई शिकायत के बाद यह कार्रवाई तेज हुई है. भारतीय संविधान के अनुच्छेद 51क (छ) के तहत सभी जीवित प्राणियों के प्रति दया और करुणा भाव रखना हर भारतीय नागरिक का संवैधानिक कर्तव्य है.
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