सुनील कुमार सिंह, मुजफ्फरपुर : सरकार ने उत्तर बिहार के शिवहर व सीतामढ़ी कोभले ही नक्सलमुक्त घोषित कर दिया है, लेकिन पुलिस की चुनौती खत्म नहीं हो सकी है. कुछ नक्सलियों ने अपराधियों के साथ सांठगांठ कर ली है और वे आपराधिक वारदातों को भी अंजाम दे रहे हैं. इसे रोकना पुलिस के लिए चुनौती साबित हो रही है. अहियापुर से पकड़े गये एरिया कमांडर विनय राम ने पुलिस के समक्ष कई खुलासे किये हैं. इससे पुलिस भी दंग है. इधर खुफिया विभाग ने भी पुलिस को इस बारे में सतर्क किया है.
मुजफ्फरपुर : अपराधियों से हाथ मिला रहे नक्सली, अब पुलिस के लिए यह नयी चुनौती
सुनील कुमार सिंह, मुजफ्फरपुर : सरकार ने उत्तर बिहार के शिवहर व सीतामढ़ी कोभले ही नक्सलमुक्त घोषित कर दिया है, लेकिन पुलिस की चुनौती खत्म नहीं हो सकी है. कुछ नक्सलियों ने अपराधियों के साथ सांठगांठ कर ली है और वे आपराधिक वारदातों को भी अंजाम दे रहे हैं. इसे रोकना पुलिस के लिए चुनौती […]

विनय राम ने पूछताछ के दौरान खुलासा किया था कि इन दिनों नक्सली संगठन के एक दर्जन से अधिक शीर्षक्रम के नेता जेल में बंद हैं. वहीं, संगठन कई गुट में भी बंट चुका है. ऐसी स्थिति में कई निचले स्तर के नक्सली नक्सलवाद छोड़ अपराधियों के साथ मिल गये हैं और आपराधिक वारदात को अंजाम भी दे रहे हैं. अहियापुर के सहवाजपुर में ठिकाना बना आपराधिक वारदातों को अंजाम देने की साजिश रच रहा गिरफ्तार नक्सली विनय राम ने भी अपराधी गुटों से हाथ मिला लेने का खुलासा किया है.
शिवहर का हार्डकोर नक्सली मिथिलेश सहनी हाल के दिनों में जेल से बाहर आया है. सक्रियता बढ़ी है. उसकी गिरफ्तारी में शिथिलता में हथौड़ी थाने के तत्कालीन थानेदार पर गाज गिर चुकी है.
50 हजार रुपये के इनामी नक्सली और वैशाली-मुजफ्फरपुर के एरिया कमांडर अनिल राम उर्फ सुमित जी उर्फ राजू को बीते मार्च में एसटीएफ ने चार हार्डकोर नक्सलियों के साथ दबोचा था. पूछताछ में अनिल के पास एक करोड़ से अधिक की चल और अचल संपत्ति होने की जानकारी पुलिस को मिला थी. शराब की तस्करी करने वालों से उसके जुड़ाव की जांच भी हो रही है. अनिल फिलहाल एनआइए की गिरफ्त में है.
पुलिस कर रही मॉनीटरिंग
एएसपी (अभियान) विमलेश चंद्र झा ने बताया कि ऐसे नक्सलियों को चिह्नित करने और उन्हें पकड़ने की कवायद शुरू कर दी गयी है, जो नक्सलवाद छोड़ अपराध की ओर बढ़ रहे हैं. पुलिस लगातार उनकी मॉनीटरिंग कर रही है. साथ ही उन्हें मुख्य धारा में लाने की भी कवायद जारी है. विगत माह तक जिले के विभिन्न इलाके के करीब एक दर्जन महिला और पुरुष नक्सलियों को मुख्य धारा से भी जोड़ा गया था.