मुजफ्फरपुर/पटना : पूर्व मेयर समीर कुमार हत्याकांड में फरार मुख्य शूटर गाेविंद को मंगलवार को पटना एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया गया. उसकी गिरफ्तारी एसटीएफ ने की. वह दस दिनों से चेन्नई में छिप कर रह रहा था. एसएसपी मनोज कुमार को सूचना मिली थी कि गोविंद मंगलवार को चेन्नई से दिल्ली होते हुए पटना एयरपोर्ट पर आने वाला है.
सूचना मिलते ही एसएसपी ने आईजी ऑपरेशन कुंदन कृष्णन से उसकी गिरफ्तारी में सहयोग मांगते हुए नगर थानेदार धनंजय कुमार के नेतृत्व में एक टीम को पटना भेज दिया. इसी बीच वह िदल्ली की फ्लाइट से उतरा.
एयरपोर्ट से निकलते ही गाेविंद को गिरफ्तार कर लिया गया. थोड़ी देर तक उसे एयरपोर्ट थाने में रखा गया.फिर मुजफ्फरपुर पुलिस ने उसे अपनी िगरफ्त में ले लिया.
समीर हत्याकांड से जुड़ी कई अहम बातों की जानकारी पुलिस को दी है. उसकी निशानदेही पर पुलिस एके-47 बरामद करने के लिए पटना, मुजफ्फरपुर व समस्तीपुर में छापेमारी कर रही है. गोेविंद ने पुलिस को बताया कि 23 सितंबर को पूर्व मेयर व उनके चालक की हत्या के बाद अगले दिन ही वह अपनी पत्नी व बच्चों को सीतामढ़ी स्थित ससुराल में छोड़ नेपाल चला गया था.
देर रात लाया गया मुजफ्फरपुर, पुलिस से कहा-सुजीत भी मर्डर में साथ थ
छताछ शुरू, निशाने पर कई सफेदपोशशंभु-मंटू गिरोह के शूटर गाेविंद से पूछताछ के बाद पुलिस टीम के निशाने पर शहर के कई सफेदपोश हैं. पूर्व मेयर हत्याकांड में इनकी भूमिका की भी जांच हो रही है. मामले की तह तक जाने के लिए पुलिस को गोविंद की गिरफ्तारी का इंतजार था. समीर कुमार से जुड़े जो व्यक्ति घटना के समय शहर से बाहर थे, पुलिस की नजर उन पर भी है.
सूत्रों के मुताबिक, गोविंद को पुलिस कोर्ट में पेश करने के बाद रिमांड पर लेगी और हत्याकांड से जुड़े सभी तथ्यों पर उससे पूछताछ करेगी. जांच का एक िबंदु यह भी है िक शूटर गोविंद को इस हत्याकांड के लिए िकसने बुलाया था. संभावना इस बात की भी है िक गोविंद के सामने बैठाकर कुछ लोगों से पूछताछ भी की जाए.
समस्तीपुर व पटना के अपराधियों की भी ली मदद
नगर थानेदार गोविंद को लेकर देर रात मुजफ्फरपुर पहुंचे. विशेष पुलिस टीम ने लंबी पूछताछ की. बताया जाता है कि उसने पूछताछ के दौरान हत्याकांड में शामिल सभी अपराधियों के नाम का खुलासा कर दिया है. उसने कहा कि हत्याकांड में उसके साथ सुजीत के अलावा समस्तीपुर व पटना के अपराधी भी शामिल थे.
कल्याणी की करोड़ों की जमीन बनी हत्या की वजह
गोविंद ने पुलिस को बताया कि कल्याणी की करोड़ोंं की जमीन को लेकर पूर्व मेयर से उनलोगों की नहीं बन रही थी. इसकाे लेकर कई बार विवाद भी हो चुका था. समीर कुमार बार-बार उनलोगों के बीच रोड़ा बन रहे थे. इसी कारण से उनकी हत्या का प्लान तैयार किया गया.
इन चर्चित कांडों को गोविंद दे चुका है अंजाम, मुखबिर पंकज की हत्या में था हाथ
मनियारी थाना क्षेत्र के सिलौत गजपति गांव निवासी गोविंद ने छह साल पूर्व सदर थाना क्षेत्र के रेवा रोड में पंकज मुखबिर उर्फ पंकज केसरिया की हत्या में भी शामिल रहा है. उस केस में भी पुलिस को उसकी तलाश है. इस हत्याकांड में उसके अलावा नौ अपराधी शामिल भी थे. चार दिन पूर्व सदर पुलिस ने इसी केस में वैशाली जिले के जतकौली निवासी हिमांशु शेखर को जेल भेजा था.
लीची अनुसंधान केंद्र पर कर चुका है फायरिंग
2011 गोविंद शंभु-मंटू के साथ मुशहरी थाना क्षेत्र के राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केंद्र पर फायरिंग कर चुका है. इस कांड में गार्ड रीतेश की गोली लगने से मौत हो गयी थी. मामले में दुर्गेश, पवन राय, प्रेम प्रकाश, दिलीप राय सहित कई अपराधी शामिल थे.
छह साल पूर्व ब्रह्मपुरा से गया था जेल
22 जुलाई 2012 को गोविंद, सुजीत, मिठु मिश्रा, मनाेज व चंद्रदेव को ब्रह्मपुरा पुलिस ने मालगोदाम चौक के पास से गिरफ्तार किया था. हालांकि बाद में मिठु व मनाेज की हत्या मीनापुर के मकसूदपुर लाइन होटल के पास हो गयी थी.
