मुजफ्फरपुर: मुजफ्फरपुर व पटना डीआरआइ की संयुक्त टीम को शनिवार को मोतिहारी के चकिया से बड़ी सफलता हाथ लगी है. गुप्त सूचना के आधार पर चलाये गये ऑपरेशन तस्कर में एक लाख जाली नोट के साथ तस्कर को गिरफ्तार करने में सफलता मिली है. गिरफ्तार तस्कर बेतिया जिले के मझौलिया थाना अंतर्गत रतनमाला गांव का निवासी है.
बताया जाता है कि बांग्लादेश से एक हजार रुपये के 100 जाली नोट लेकर तस्कर मालदह टाउन से पटना फरक्का एक्सप्रेस से शनिवार की अहले सुबह पहुंचा था. इसके बाद बेतिया के लिए निजी बस पर सवार होकर रवाना हुआ. पटना व मुजफ्फरपुर डीआरआइ को जब इसकी भनक लगी, तब आनन-फानन में उसे पकड़ने के लिए दोनों टीमों ने जाल बिछा दिया.
इसके बाद अलग-अलग टीम मुजफ्फरपुर से मोतिहारी के बीच कई जगहों पर बसों की जांच शुरू की. इसी दौरान चकिया में एक निजी बस से यात्र कर रहे तस्कर को गिरफ्तार कर लिया गया. जाली नोट का बंडल तस्कर के पैंट के पॉकेट से मिला है. पूछताछ के दौरान उसने कई खुलासे किये हैं. इस धंधा में वह सालों से लगा है. उसने पांच बार बांग्लादेश से जाली नोट लाकर भारत में खपाने की बात स्वीकारी है. वहीं उसने इस धंधा में शामिल अपने कई साथियों के भी नाम बताये हैं. डीआइआर ने ट्रेरिस्ट व यूएपी एक्ट के अलावा आइपीसी की कई धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है. डीआरआइ के अधिकारी अब तक की सबसे बड़ी सफलता मान रहे है.
