मुजफ्फरपुर : प्रॉपर्टी डीलर बिजली सहनी की हत्या दूसरे को भूमि दिलाने पर की गयी थी. वीरेंद्र सहनी ने आठ युवकों के साथ मिल कर साजिश रची थी. यह जानकारी एसएसपी हरप्रीत कौर ने गुरुवार को प्रेसवार्ता में दी. एसएसपी ने कहा कि बिजली सहनी की हत्या में वीरेंद्र के अलावे दादर के रतन सहनी, अवनीश सहनी, रजनीश सहनी, नंदलाल सहनी, राजा सहनी, संजय सहनी व लालबाबू सहनी की संलिप्तता सामने आयी है.
वीरेंद्र पूर्व में भी जेल जा चुका है. उसके संबंध नक्सलियों से भी रही है. बिजली ने वीरेंद्र सहनी के साले नंदलाल सहनी से 100 डी जमीन अशोक झा को दिलवाया था. इसका बदला लेने के लिए हत्या की साजिश रची गयी. पूछताछ में मामला सामने आया कि मृतक बिजली सहनी ने नंदलाल सहनी के स्वामित्व का 100 डी जमीन सात लाख प्रति कट्ठा की दर से अशोक झा को एग्रीमेंट कराया था, जो वीरेंद्र सहनी को मंजूर नहीं था. एग्रीमेंट की भूमि छोड़ने के लिए वह अशोक झा पर दबाव बना रहा था. जमीन नहीं छोड़ने पर अशोक झा से वीरेंद्र सहनी सात लाख रुपये प्रति कट्ठा रंगदारी मांगी थी.
